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Rajasthan: शहीद भाई की प्रतिमा को राखी बांधने हर वर्ष गुजरात से झुंझुनूं आती है बहन

Rakshabandhan 2024: शहीद धर्मवीर सिंह शेखावत की बहन उषा कंवर हर वर्ष गुजरात से भाई की प्रतिमा को राखी बांधने के लिए आती है। राखी बांधने के बाद कई देर तक वह खड़ी रही और भाई की प्रतिमा को निहारती रही।

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Sister ties Rakhi to martyred brother in jhunjhunu rajasthan

राखी बांधकर शहीद भाई के साथ तस्वीर लेती बहन

झुंझुनूं। शेखावाटी के ग्राम दीनवा लाडखानी शहीदों के नाम से जाना जाता है। गांव में रक्षाबंधन पर्व पर हर वर्ष शहीद की प्रतिमा पर उनकी बहन राखी बांधती है। शहीद धर्मवीर सिंह शेखावत की बहन उषा कंवर हर वर्ष गुजरात से भाई की प्रतिमा को राखी बांधने के लिए आती है। इस बार भी रक्षाबंधन पर जब उषा ने भाई को राखी बांधी तो उसका मन नहीं भरा... राखी बांधने के बाद कई देर तक वह खड़ी रही और भाई की प्रतिमा को निहारती रही। उषा कंवर ने बताया कि जब भाई धर्मवीर सेना में था तो वो कहता था कि मेरे दोस्तों में सबसे पहले मेरी राखी आनी चाहिए और उसके लिए मैं एक महीने पहले से तैयारियां करती थी।

धर्मवीर सिंह कश्मीर के लालचैक में तैनात थे और 2005 में आंतकी हमले में शहीद हो गए। इसी तरह शहीद मुखराम बुडानिया की बहन व पुत्री सोनू बुडानिया और शहीद सूरजभान बुडानिया की बहन सीता व ममता हर वर्ष शहीद की प्रतिमा पर राखी बांधती हैं। शहीद मुखराम बुडानिया जम्मू कश्मीर के राजौरी सेक्टर में डटोट में आतकंवादियो से लोहा लेते हुए 23 अप्रैल 2002 को शहीद हो गए। उनकी बहन परमेश्वरी देवी ग्राम उदनसर से शहीद की पुत्री सोनू बुडानिया के साथ राखी बांधने पहुंची तो भावुक हो गई।

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