3 जनवरी 2026,

शनिवार

Patrika LogoSwitch to English
home_icon

मेरी खबर

icon

प्लस

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

अनूठी मुहिम: 7 दोस्तों की टीम गांव-गांव जाकर युवाओं को सरकारी सेवा में जाने के लिए करती है प्रेरित

सात दोस्तों की टीम ग्रामीण क्षेत्र के प्रतिभावान युवाओं को मार्गदर्शन देकर सरकारी सेवाओं में जाने के लिए प्रेरित करती है। साथ ही राज्य और केंद्र सरकार की विभिन्न योजनाओं के बारे में जागरूक करती है।

2 min read
Google source verification
unique_campaign_.jpg

जितेंद्र योगी
सात दोस्तों की टीम ग्रामीण क्षेत्र के प्रतिभावान युवाओं को मार्गदर्शन देकर सरकारी सेवाओं में जाने के लिए प्रेरित करती है। साथ ही राज्य और केंद्र सरकार की विभिन्न योजनाओं के बारे में जागरूक करती है। टीम में छह सरकारी शिक्षक व एक साइबर एक्सपर्ट शामिल हैं।

शहीद राजेश कुमार राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय झांझोत में कार्यरत भूगोल के व्याख्याता पवन आलड़िया ने पिछले साल जनवरी में एक मुहिम शुरू की। इस मुहिम में अपने कुछ दोस्तों को जोड़ा। उनकी यह टीम प्रत्येक रविवार को किसी एक गांव के सरकारी स्कूल, चौपाल और अन्य स्थानों पर जाकर प्रतिभाओं को तलाश कर निशुल्क कॅरियर सेमिनार आयोजित करती है। शिक्षकों की यह टीम एक साल में 15 से अधिक गांव सुलताना, किशोरपुरा, इस्लामपुर, कुलोद खुर्द, पदमपुरा, बृजलालपुरा, बड़ागांव, नहरड, चनाना आदि में सेमिनार कर चुकी है। इनमें 5000 से अधिक युवा शामिल हो चुके हैं।

इधर, आर्थिक मदद कर युवाओं की टीम फैला रही शिक्षा का उजियारा
झुंझुनूं शहर में युवाओं की एक टीम ने आर्थिक रूप से कमजोर विद्यार्थियों की जिंदगी में ज्ञान की रोशनी फैलाने के लिए अनोखी पहल की है। एफर्ट्स नाम की यह संस्था जरूरतमंद विद्यार्थियों को प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के लिए आर्थिक मदद करती है। तीन साल में 263 विद्यार्थियों को 18 लाख रुपए से अधिक की आर्थिक सहायता दे चुकी है। संस्था से आर्थिक मदद लेकर 18 युवाओं की सरकारी नौकरी लग चुकी हैं। संस्था की ओर से एक बच्चे पर अधिकतम 30 हजार रुपए की सहायता की जाती है।
यह भी पढ़ें : जयपुर में पूरी होगी मनपसंद हमसफर की तलाश,स्वीडन और अमरीका से भी आए बायोडाटा


आलड़िया को मिल चुका सम्मान
व्याख्याता पवन आलड़िया 15 अगस्त को जिला कलक्टर से सम्मानित हो चुके हैं। राष्ट्रीय सद्भावना पुरस्कार जयपुर में मिला। उत्कर्ष एवं जय नारायण व्यास विश्वविद्यालय के संयुक्त तत्वावधान में प्रदेश के 13 शिक्षा संतों में उन्हें शामिल किया गया।

बच्चों को रोल मॉडल बना करते हैं मोटिवेट
व्याख्याता पवन अब तक 500 से अधिक बच्चों को सामान्य ज्ञान और शैक्षिक मनोविज्ञान की पुस्तक दे चुके हैं। साथ ही प्रतिभाओं को सर्टिफिकेट भी दिए जाते हैं। टॉपर बच्चों को सम्मानित किया जाता है। बच्चों को रोल मॉडल बनाकर अन्य बच्चों को मोटिवेट किया जाता है।
यह भी पढ़ें : रेलवे महिलाओं को देता है ये 5 स्पेशल सुविधाएं, टिकट नहीं ली तो भी ट्रेन से नहीं उतारेगा TTE

कॅरियर सेमिनार में विशेषज्ञों को बुलाते हैं
टीम समय-समय पर डॉक्टर, इंजीनियर और विशेषज्ञों को बुला सेमिनार करवाती हैं। टीम में हिंदी के व्याख्याता विद्याधर जिंदल, राजनीति विज्ञान के व्याख्याता रजत चौधरी, अमित बराला, साइबर एक्सपर्ट दिनेश जांगिड़, सतीश आलड़िया, मक्खनलाल सैनी आदि शामिल हैं।

टीम में 20 युवा, जनसहयोग से जुटाते हैं राशि
टीम में 20 युवा हैं। ये नौकरी कर रहे हैं। संस्था को समाज के लोग शादी, सालगिरह, जन्मदिन, नौकरी लगने पर या पुण्यतिथि के मौकों पर आर्थिक सहयोग प्रदान करते हैं। संस्था के लोग किसी के पास सहयोग मांगने नहीं जाते हैं। लोग स्वेच्छा से मदद कर रहे हैं।