
लगातार 4 से 6 घंटे की पढ़ाई से हो सकता है मायोपिया
जोधपुर. लॉकडाउन के बाद बच्चों की पढ़ाई बाधित नहीं हो एेसे में स्कूलों की ओर से ई-लर्निंग को बढ़ावा दिया गया। इसके तहत बच्चों को घर बैठे ही ऑनलाइन कक्षाओं के माध्यम से पढ़ाई करवाई जा रही है। दिन में लगातार ४ से ६ घंटे तक ऑनलाइन पढ़ाई से बच्चों को मायोपिया हो सकता है। एेसा हम नहीं बल्कि स्वयं चिकित्सक कह रहे हैं। चिकित्सकों के अनुसार वर्तमान में बच्चों से लगातार ऑनलाइन पढ़ाई करवाई जा रही है। इससे उनकी आंखों के लिए खतरा हो सकता है। साथ ही ड्राई आई, आंखों में तनाव, सूजन, आंख लाल होना जैसी समस्या भी हो सकती है। इसका खतरा इसलिए भी ज्यादा है क्योंकि बच्चे 4 से 6 घंटे की पढ़ाई के बाद मनोरंजन के लिए वीडियो, गाने, गेम्स, मूवी आदि का सहारा ले रहे हैं। इससे बच्चों का स्क्रीन टाइम आम दिनों के मुकाबले काफी बढ़ गया है।
क्या है मायोपिया
इसमें हमें पास की चीजें तो साफ दिखाई देती हैं, लेकिन दूर की चीजें साफ दिखाई नहीं देती है। खुद से २ से ६ मीटर की दूरी पर साफ दिखाई नहीं देता है। चीजें धुंधली दिखाई देने लगती है।
एेसे करें बचाव
-बच्चों का स्क्रीन टाइम कम करें।
-ऑनलाइन स्टडी के दौरान नियमित अंतराल पर आंखों को ब्रेक दें।
-स्क्रीन को संभव हो सकें तो आंखों से ज्यादा से ज्यादा दूर रखें।
-स्क्रीन यूज करते समय पलकें अवश्य झपकाएं।
इनका कहना है-
बच्चों में इस बीमारी के होने के ज्यादा चांसेज है। इसलिए बच्चों का स्क्रीन टाइम सेट करें। आउटडोर एक्टिविटी ज्यादा करवाएं। एट्रोपीइन आइड्रोप आंखों में डाले। साथ ही प्रोटीन व विटामीन ए की डाइट लें।
डॉ. अरविंद चौहान, विभागाध्यक्ष नेत्र रोग विभाग, एमडीएमएच
Published on:
09 Jun 2020 09:06 pm
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