जोधपुर.
बीजेएस कॉलोनी व नट बस्ती के पास रेलवे ट्रैक पर रविवार अपराह्न एक ट्रेन नर्सिंग छात्रा के ऊपर से निकल गईं। आठ-दस डिब्बे ऊपर से निकलने के बावजूद उसकी जान बच गईं। ट्रेन रुकवाने के बाद पार्षद व अन्य लोगों ने छात्रा को सकुशल बाहर निकाल महामंदिर थाने ले गए, जहां से परिजन को सौंपा गया। लोगों को अंदेशा है कि उसने आत्महत्या का प्रयास किया होगा, लेकिन पुलिस ने इनकार किया है। (Sucide or accident)
थानाधिकारी मुक्ता पारीक ने बताया कि भोपालगढ़ की एक छात्रा पाली में नर्सिंग प्रथम वर्ष की छात्रा है। वह अपराह्न में बीजेएस कॉलोनी व नट बस्ती के रेलवे ट्रैक के पास से निकल रही थी। अचानक वह ट्रैक के बीचों-बीच उलटी गिर गई। इतने में एक ट्रेन वहां आ गई और उसके ऊपर से निकल गई।
लोको पायलट को पता लगा तो उसने ट्रेन रोकी, लेकिन तब तक आठ-दस डिब्बे निकल चुके थे। ट्रैक के बीचों बीच गिरने से उसकी जान बच गई। इस बीच, नट बस्ती में जल भराव व राहत कार्य चलने की वजह से क्षेत्रवासियों की भीड़ जमा थी। वहां मौजूद पार्षद भवानी सिंह जोधा को हादसे का पता लगा तो वो तुरंत मौके पर पहुंचे और छात्रा को बाहर निकाल पुलिस को सौंपा।
पुलिस ने उससे तसल्लीपूर्वक बात की और जोधपुर में रहने वाले बड़े पिता को थाने बुलाया। बाद में पिता व भाई भी वहां आ गए। जिन्हें देख छात्रा भावुक हो गई। बाद में परिजन उसे घर ले गए। फिलहाल कोई शिकायत दर्ज नहीं कराई गई है।
आत्महत्या के प्रयास का अंदेशा, पुलिस का इनकार
पुलिस मामले को हादसा बता रही है, लेकिन छात्रा के पाली से यहां रेलवे ट्रैक पहुंचने और ट्रैक के बीचों-बीच लेटने से आशंका है कि उसने आत्महत्या का प्रयास किया होगा। फिलहाल छात्रा ने किसी तरह की जानकारी नहीं दी है।
पहले घबराई, फिर पिता व भाई को देख भावुक हुईं
ट्रेन के ऊपर से निकलने से छात्रा काफी घबरा गई। वह एक तरीके से डिप्रेशन में आ गईं। उसे थाने लाया गया तो काफी देर तक वह कुछ बोल नहीं पाई। फिर वह, ‘पापा, पापा…’ कहने लगी। जब पिता व चचेरा भाई पहुंचे। जिन्हें देख वह भावुक हो गईं। भाई के गले लगकर रोने भी लगी