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सर्वे में बड़ा खुलासा: नगर निगम की बड़ी लापरवाही, 400 से अ​धिक परिवारों पर खड़ा हुआ बड़ा संकट

जोधपुर. प्रशासन शहरों के संग अभियान में नगर निगम उत्तर की ओर से आनन-फानन में वन विभाग की जमीन पर सैंकड़ों की संया में पट्टे जारी कर दिए गए। पट्टों को लेकर वन विभाग की ओर से सर्वे किया जा रहा है। सर्वे में अभी तक करीब 90 पट्टे ऐसे सामने आए हैं, जो निगम […]

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जोधपुर. प्रशासन शहरों के संग अभियान में नगर निगम उत्तर की ओर से आनन-फानन में वन विभाग की जमीन पर सैंकड़ों की संया में पट्टे जारी कर दिए गए। पट्टों को लेकर वन विभाग की ओर से सर्वे किया जा रहा है। सर्वे में अभी तक करीब 90 पट्टे ऐसे सामने आए हैं, जो निगम उत्तर की ओर से वन विभाग की जमीन पर जारी किए हैं।

दरअसल, मंडोर, कबीर नगर, मगजी की घाटी, रावटी क्षेत्र में नगर निगम उत्तर की ओर से प्रशासन शहरों के संग अभियान में लोगों को पट्टे दिए गए हैं। निगम उत्तर की लापरवाही के चलते इन क्षेत्रों में जो पट्टे जारी किए गए, अब उनकी जांच शुरू हो गई है। वन विभाग की ओर से 20 जून तक सर्वे पूरा करना है। इसके बाद निगम की ओर से इस संबंध में कार्रवाई की जाएगी।
इधर, मंडोर के क्षेत्रवासियों के अनुसार यहां रहने वाले लोगों को तत्कालीन यूआईटी की ओर से अधिकार पत्र दिए गए थे। उसके आधार पर उन्होंने निगम से पट़्टे लिए। क्षेत्रवासियों के अनुसार मंडोर, नृंसिंह कॉलोनी, बेतलावा नाड़ी, निर्माण कॉलोनी में 400 से अधिक लोगों को पट्टे जारी किए गए हैं। क्षेत्रवासियों ने बताया कि वन विभाग के नोटिस के बाद सारे दस्तावेज विभाग में जमा करवा दिए हैं।

पट्टे लेकर लोग पहुंच रहे हैं नगर निगम

वन विभाग की ओर से नोटिस मिलने के बाद लोग नगर निगम के चक्कर काट रहे हैं। कई लोेग पट्टे लेकर निगम अधिकारियों से बहस कर रहे हैं, लेकिन निगम अधिकारी इन्हें संतोषजनक जवाब नहीं दे पा रहे हैं।

वन विभाग की ओर से निगम को जो सूची दी जाएगी, उसके आधार पर पट्टे रद्द करने की कार्रवाई की जाएगी। - अतुल प्रकाश, आयुक्त, नगर निगम उत्तर

वन विभाग की जमीन पर जारी किए गए पट्टों को निगम में जांच के लिए भेजा जा रहा है। सर्वे 20 जून तक खत्म होने की संभावना है। उसके बाद निगम को सूची दी जाएगी। निगम पट्टे रद्द करेगा। - मोहित गुप्ता, डीएफओ, वन विभाग