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Bollywood -कभी लोगों का बीमा करते थे, आज हैं ख्यातनाम गीतगार

ये कहानी ऐसे गीतकार की है, जो कभी इंश्योरेंस एजंट था और आज है देश का ख्यातनाम गीतकार। जोधपुर के जाए जन्मे सईद कादरी को इस वर्ष का हसरत जयपुरी अवार्ड देने की घोषणा की गई है। उन्हें IIFA, स्टारडस्ट, MTV और टाटा इन्फो जैसे कई प्रतिशिष्ठ अवार्ड मिल चुके हैं।

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सईद कादरी मुकेश भट्टे के साथ

Bollywood -कभी लोगों का बीमा करते थे, आज हैं ख्यातनाम गीतगार

जोधपुर. 'भीगे होठ तेरे, प्यासा दिल मेरा....' जैसे मशहूर गीत लिखने वाले बॉलीवुड के नामचीन गीतकार सईद कादरी को इस वर्ष का हसरत जयपुरी अवार्ड देने की घोषणा की गई है। उन्हें ये अवार्ड रिफ फिल्म क्लब की ओर से राजस्थान दिवस के मौके 25 से 30 मार्च को आयोजित राजस्थान इंटरनेशनल फिल्म फेस्टिवल (रिफ) के आठवें संस्करण में प्रदान किया जाएगा।

संस्थापक सोमेन्द्र हर्ष ने बताया कि इस वर्ष रिफ में हसरत जयपुरी अवॉर्ड फॉर कॉन्ट्रिब्यूशन इन सिनेमा अवार्ड लेखक और गीतकार सईद कादरी का चयन किया गया है। यह अवार्ड हर वर्ष रिफ में जयपुर के जन्मे मशहूर गीतकार हसरत जयपुरी की याद में फिल्मी दुनिया की ऐसी शख्सियत को दिया जाता है जिसने अपना जीवन संगीत को समर्पित किया है।

कादरी जोधपुर के जाए जन्में हैं। शायरी उनकी रग रग में समाई है, लेकिन बहुत कम लोगों को मालूम है कि बॉलीवुड के भट्ट हाउस से ख्याति हासिल करने से पहले वे जोधपुर में इंश्योरेंस एजेंट का काम करते थे। यारबाजी के लिए अपने मित्रों में मशहूर रहे कादरी को महेश भट्ट ने पहली बार मौका दिया और पहली बार में ही उन्होंने अपनी काबिलियत का लोहा मनवा लिया।

सईद कादरी के करियर की शुरुआत निर्देशक महेश भट्ट की फिल्म जिस्म से हुई थी। उन्होंने फिल्म जिस्म के काफी बेहतरीन गाने लिखे थे। इसके बाद मर्डर फिल्म में 'भीगे होठ तेरे...' जैसे गीतों ने तो जैसे कादरी की किस्मत ही बदल दी। वे आज बॉलीवुड के संजीदा गीतकारों में गिने जाते हैं।

कादरी साहिर लुधियानवी को अपना प्रेरक मानते हैं। सर्वश्रेष्ठ गीतकार के लिए उन्हें आईफा स्टारडस्ट, एमटीवी और टाटा इन्फो अवार्ड मिल चुके हैं। सईद कादरी ने इक्कीसवें दशक की शुरुआत की नई पीढी को उर्दू शायरी के नए रंग दिखाए, जो युवाओं ने खूब पसंद किए। शुरू में जब सईद कादरी को निराशा हाथ लगी तो कुछ साल मुम्बई में बिताने के बाद वापस जोधपुर लौट आए। जिम्मेदारियां बढ़ी तो जोधपुर में ही एलआईसी एजेंट बन गए।

दूसरा प्रयास रहा सफल

एक बार जोधपुर में महेश भट्ट आए तो उन्होंने अपनी बेटी पूजा भट्ट की फिल्म में अवसर दिया और उनका पहला गीत आवारापन आया। इसके बाद सफर जारी रहा। कादरी अब तक 150 के करीब गीत लिख चुके हैं।

होंगे कई आयोजन

रिफ फिल्म क्लब की मैनेजिंग ट्रस्टी अंशु हर्ष ने बताया की पांच दिवसीय आयोजन में फिल्म स्क्रीनिंग, सेमीनार, वर्कशॉप, टॉक शो, नॉलेज सीरिज एवं कल्चरल इवनिंग का आयोजन होगा। इस आयोजन में फीचर फिल्म, शॉर्ट फिल्म, डाक्यूमेंट्री फिल्म, ऐनिमशिन फिल्म एवं रीजनल फिल्म की स्क्रीनिंग होगी, जिनकी सबमिट करने की अंतिम तिथि 31 जनवरी है। फिल्म मेकर एवं स्टूडेंट्स राजस्थान इंटरनेशनल फिल्म फेस्टिवल की वेबसाइट डब्लूडब्लूडब्लू डॉट रिफजयपुर डॉट ओआरजी पर जाकर एवं फिल्मफ्रीवे पर अपनी फिल्म सबमिट कर सकते हैं।