28 जनवरी 2026,

बुधवार

Patrika LogoSwitch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

बेखौफ होकर कर रहे थे बजरी खनन, ग्रामीणों ने दबोचा

भावी. सुप्रीम कोर्ट के रोक के बावजूद उपखण्ड क्षेत्र की बाणगंगा एवं लूणी नदी से बजरी का खनन एवं परिवहन नहीं रूक रहा है।

2 min read
Google source verification
Gravel mining and transportation

बेखौफ होकर कर रहे थे बजरी खनन, ग्रामीणों ने दबोचा

भावी. सुप्रीम कोर्ट के रोक के बावजूद उपखण्ड क्षेत्र की बाणगंगा एवं लूणी नदी से बजरी का खनन एवं परिवहन नहीं रूक रहा है। वही उपखण्ड प्रशासन पुलिस के ढीले रवैये को देखकर नित नए नए बजरी खनन माफिया पैदा हो रहे है। इनके कारण भारी भरकम वाहनों की रेलमपेल रहती है। शनिवार शाम को भावी बस स्टैण्ड से फर्राटे दो डंपर निकले। तभी वहां बैठे युवकों ने उनका पीछा किया। लेकिन कच्चों रास्तों डंपर को दौड़ाते हुए भाग गए। उनके दूसरे चक्कर में रात्रि करीब पौने तीन बजे ग्रामीणों द्वारा जयपुर जोधपुर हाइवे पर भावी रेलवे फाटक बंद करने के बाद एक डंपर ग्रामीणों के हाथ लग गया। वही पीछे आ रहे दूसरे डंपर चालक को सूचना मिलते ही वह बीच रास्ते से ही डंपर भगाकर ले गया। ग्रामीणों ने इसकी सूचना हाथो हाथ पुलिस को दे दी। लेकिन उन्होंने भी मौके पर पहुंचने की जहमत नहीं उठाई। ग्रामीणों ने बताया कि बजरी से भरे डंपर का पीछा करने के दौरान ही घण्टे भर पहले इसकी सूचना स्वयं थानाधिकारी राजीव भादू एवं रात्रि इंचार्ज रामकरणसिंह को दी गई। लेकिन उनके मौके पर नहीं आने के कारण ग्रामीणों में पुलिस के खिलाफ रोष है। पुलिस द्वारा डंपर एवं चालक को थाने ले गई।
नदी में रहता है चकाचौंध नजारा

उपखण्ड क्षेत्र के प्रशासन के इस ढुलमुल रवैये के चलते क्षेत्र में बजरी खनन माफियाओं के हौसले बुलंद होते जा रहे है। रात्रि में नदी में सिवाय बजरी खनन माफियों एवं उनके वाहनों के अलावा कोई अन्य दूसरा व्यक्ति नहीं रहता।

दिन भर ट्रैक्ट्रर-ट्रॉलियों से करते है एकत्रित
ग्रामीणों ने बताया कि दिनभर गांव के दर्जनभर लोगों द्वारा गांव के बाहर सूनसान जगह या अपने खुद के बाड़ों या प्लॉट में ट्रैक्ट्रर-ट्रॉलियों से एक बड़ा ढेर लगा कर एक ही रात में डंपर भरवाकर आसपास के गांवों सहित दूर दराज तक भेज कर चांदी कर रहे है।

नहीं है पुलिस का डर
पिचियाक, रामनगर, जसवंतपुरा एवं चैनपुरा की ढाणी के सभी ट्रैक्ट्रर-ट्रॉली बजरी से भर कर बिलाड़ा, बरना एवं खारिया मीठापुर आदि गांवों तक मकान निर्माण एवं अन्य निर्माण कार्यों के लिए परिवहन कर रहे है।इन्होंने कहा

इस मामले की जांच करवाकर इन लोगों पर कार्रवाई करने के साथ ही पुलिस को आवश्यक निर्देश दिए जाएंगे।
राजन दुष्यंत, पुलिस अधीक्षक जोधपुर ग्रामीण

बिलाड़ा पुलिस द्वारा जानकारी नहीं दी गई है पुलिस की सूचना पर उक्त वाहन का चालान काट राशि वसूल की जाएगी। विभाग की अलग अलग टीमें बनाकर पूरे जिले की नदियों का निरीक्षण भी करवाया जाएगा। -श्रीकृष्ण कुमार शर्मा, खनिज अभियंता खनिज विभाग जोधपुर ।