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आधुनिक और इको फ्रेंडली होगा नया हाईकोर्ट परिसर, राष्ट्रपति 7 दिसंबर को करेंगे उद्घाटन

राजस्थान हाईकोर्ट ( Rajasthan High Court Jodhpur ) की मुख्यपीठ का झालामंड स्थित नवनिर्मित भवन आधुनिक सुविधाओं के साथ इको-फ्रेंडली होगा। राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ( Ramnath Kovind ) 7 दिसंबर को नए भवन का उद्घाटन करेंगे...

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जोधपुर। राजस्थान हाईकोर्ट ( Rajasthan High Court jodhpur ) की मुख्यपीठ का झालामंड स्थित नवनिर्मित भवन आधुनिक सुविधाओं के साथ इको-फ्रेंडली होगा। राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ( ramnath kovind ) 7 दिसंबर को नए भवन का उद्घाटन करेंगे। समारोह में सुप्रीम कोर्ट के प्रधान न्यायाधीश शरद अरविंद बोबड़े, राज्यपाल कलराज मिश्र, केंद्रीय विधि मंत्री रविशंकर प्रसाद, मुख्यमंत्री अशोक गहलोत, राज्य के मुख्य न्यायाधीश इंद्रजीत महांति सहित चार राज्यों के मुख्य न्यायाधीश और विधि जगत से जुड़ी कई हस्तियां भी मौजूद रहेंगी।

चित्रकारी में खनिज और वनस्पतियों के रंग का उपयोग
नए भवन का आकर्षण इसका केंद्रीय गुंबद है। गुंबद की ऊंचाई 35 मीटर और व्यास 118 फुट है। इसमें मारवाड़ की चित्र शैली का उपयोग किया गया है। चित्रकारी में खनिज और वनस्पतियों के रंग का उपयोग किया गया है। यह चित्रकारी चित्रकार हकीम शेख व शिष्यों ने की है। नए भवन को इको-फ्रेंडली बनाने के लिए 23.18 बीघा में ग्रीन एरिया विकसित कर फूलदार पेड-पौधे लगाए गए हैं। वाहनों की पार्किंग के लिए 14.39 बीघा जमीन मल्टी-लेवल कार पार्किंग का निर्माण जल्द शुरू होगा।

70 साल पुराना है हाईकोर्ट का इतिहास
राजस्थान हाईकोर्ट का उद्घाटन 29 अगस्त, 1949 को हुआ और न्यायमूर्ति कमलकंात वर्मा पहले मुख्य न्यायाधीश नियुक्त हुए। उनके साथ 11 अन्य न्यायाधीशों ने भी शपथ ग्रहण की थी। 27 अक्टूबर, 1956 को राष्ट्रपति ने जोधपुर में राजस्थान हाईकोर्ट की मुख्यपीठ घोषित की। हाईकोर्ट का मौजूदा भवन वर्ष 1935 में बनकर तैयार हुआ। इसका निर्माण तत्कालीन नरेश उम्मेदसिंह ने जॉर्ज पंचम के शासन की सिल्वर जुबली की यादगार के तौर पर करवाया था। निर्माण तत्कालीन पीडब्ल्यूडी मंत्री एसजी एडगर की देखरेख में जोधपुर निवासी गजधर हाजी मोहम्मद नागौरी सिलावट ने किया। भवन के निर्माण पर 4 लाख 50 हजार रुपए खर्च हुए।

अलग-अलग प्रवेश द्वार
हाईकोर्ट परिसर में प्रवेश के लिए 6 द्वार हैं। गेट नंबर 1 से जनता और फरियादी प्रवेश कर सकेंगे। सुरक्षा की दृष्टि से मुख्य भवन, अधिवक्ता चैम्बर्स परिसर के अन्य हिस्सों में प्रवेश के लिए विभिन्न प्रकार 5 श्रेणी के पास बनेंगे। जिस परिसर का पास जारी किया जाएगा, आगंतुक उसी परिसर में प्रवेश कर सकेंगे। गेट नम्बर 2 से हाईकोर्ट स्टाफ और स्थाई पास होल्डर्स को प्रवेश दिया जाएगा। न्यायाधीशों और रजिस्ट्री के अधिकारियों का प्रवेश गेट संख्या 3 से, गेट संख्या 5 से अधिवक्ता और उनके सहकर्मी प्रवेश करेंगे।