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जोधपुर

हिस्ट्रीशीटर को कोर्ट में पेश करते ही इनामी पुत्र व शूटर का समर्पण

- करोड़ों की सरकारी से हिस्ट्रीशीटर भंवरसिंह मण्डली का कब्जा हटाया, एक लाख का इनामी अजयपाल फरार

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जोधपुर।
रातानाडा भाटी चौराहे के पास पुलिस हिरासत में बंदी सुरेशसिंह की गोली मारकर हत्या के मामले में 15 महीने से फरार मुख्य साजिशकर्ता और शूटर ने सोमवार को समर्पण कर दिया। दोनों पर दस-दस हजार रुपए का इनाम था। रातानाडा थाना पुलिस ने दोनों को गिरफ्तार कर लिया। उधर, साजिशकर्ता के हिस्ट्रीशीटर पिता की रिमाण्ड अवधि बढ़ा दी गई। एक लाख रुपए का इनामी अजयपालसिंह उर्फ एपी अभी तक फरार है।
पुलिस उपायुक्त (पूर्व) डॉ अमृता दुहन ने बताया कि 18 दिसम्बर 2021 को पाली में डरी गांव निवासी सुरेशसिंह की हत्या के आरोपी पाली के मणिहारी निवासी भरतसिंह पुत्र जब्बरसिंह ने जोधपुर कोर्ट और चित्तौड़गढ़ में गांधी नगर निवासी हिमांशु उर्फ हरिकिशन उर्फ दुर्योधन पुत्र नवीन कुमार मीणा ने पाली कोर्ट में समर्पण किया। दोनों को गिरफ्तार किया गया है। एक लाख रुपए के इनामी शूटर केलावा कला निवासी अजयपालसिंह उर्फ एपी अभी तक फरार है।
पिता का रिमाण्ड बढ़ने की आशंका पर सरेण्डर
एक लाख रुपए के इनामी अजयपालसिंह को पनाह देने व फरार करवाने के मामले में मणिहारी निवासी हिस्ट्रशीटर जब्बरसिंह रिमाण्ड पर है। उसे सोमवार को फिर कोर्ट में पेश किया जाना था। पुत्र भरत, शूटर अजयपाल व हिमांशु के पकड़े न जाने पर पुलिस जब्बरसिंह को फिर रिमाण्ड पर लेने वाली थी। उसे कोर्ट में पेश करते ही पुत्र भरतसिंह भी कोर्ट पहुंच गया और समर्पण कर दिया। हिमांशु ने पाली कोर्ट में समर्पण किया। जब्बरसिंह का हिस्ट्रीशीटर पुत्र प्रवीणसिंह पहले ही समर्पण कर चुका है। हालांकि पुलिस ने जब्बरसिंह का दो दिन और रिमाण्ड लिया है।
चाचा-पिता के ठिकानों पर छापेमारी से सरेण्डर
अजयपालसिंह, हिमांशु व भरत की धरपकड़ के लिए जोधपुर पुलिस ने एडीसीपी नाजिम अली के नेतृत्व में गत 14 मार्च की अल-सुबह मणिहारी और पाली में जब्बरसिंह के ठिकानों पर छापे मारे थे। जब्बरसिंह के भाई भंवरसिंह मण्डली के फार्म हाउस की तलाश भी ली गई थी। 44 लाख रुपए, दो-दो लग्जरी कारें व एसयूवी सहित 22 वाहन, धारदार हथियार, 18 मोबाइल, अवैध शराब ओर अनेक सिम जब्त की गईं थी। तीनों को भगाने के आरोप में फिर से जब्बरसिंह को गिरफ्तार किया गया था। सुरेश की हत्या के मामले में उसे जमानत मिली हुई है। पुलिस कार्रवाई के दबाव और जब्बरसिंह को फिर रिमाण्ड पर लेने की आशंका के चलते पुत्र भरत व शूटर हिमांशु ने समर्पण किया।
करोड़ों की जमीन अतिक्रमण मुक्त
जब्बरसिंह के हिस्ट्रीशीटर भाई भंवरसिंह मंडली ने पणिहारी होटल से जोधपुर मार्ग पर बेशकीमती सरकारी भूमि पर अतिक्रमण कर रखा था। मण्डली खुर्द के खसरा नंबर 1 पर भंवर सिंह मंडली व परिजन के करीब 4.5 बीघा जमीन पर अतिक्रमण कर रास्ते को दोनों तरफ से ब्लॉक कर स्वयं की खातेदारी भूमि में मिलाना पाया गया था। इस पर प्रशासन ने अल-सुबह अतिक्रमण को हटा दिया। आम रास्ते का बोर्ड लगा दिया गया।