
प्रतीकात्मक तस्वीर
कानपुर। जिले के वाहन चालकों के लिए 15 अप्रैल से एक बड़ी मुसीबत खड़ी होने वाली है। अब अगर आपकी गाड़ी पर हाई सिक्योरिटी रजिस्ट्रेशन प्लेट यानी एचएसआरपी नहीं लगी है तो आपका प्रदूषण अवमुक्त प्रमाणपत्र (पीयूसी) भी नहीं बनेगा। परिवहन विभाग ने इसको लेकर सख्ती शुरू कर दी है और पीयूसीसी पोर्टल पर नई तकनीकी व्यवस्था लागू कर दी गई है।
एआरटीओ प्रशासन आलोक कुमार सिंह ने बताया कि भारत सरकार के निर्देशानुसार सभी वाहनों पर हाई सिक्योरिटी रजिस्ट्रेशन प्लेट लगाना अनिवार्य किया गया है। इसी आदेश के अनुपालन में नेशनल इन्फॉर्मेटिक्स सेंटर (एनआईसी) के माध्यम से पीयूसीसी पोर्टल में तकनीकी बदलाव किए गए हैं। नई व्यवस्था के तहत 15 अप्रैल 2026 से पोर्टल खुद-ब-खुद उन वाहनों को पहचान लेगा जिन पर एचएसआरपी नहीं लगी है। ऐसे वाहनों का सिस्टम पीयूसी प्रमाणपत्र जारी करने से इनकार कर देगा।
हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट एल्यूमिनियम की बनी होती है और इसमें एक यूनिक लेजर कोड, क्रोमियम होलोग्राम और 'IND' लिखा होता है। यह प्लेट एक बार लगने के बाद दोबारा नहीं खुलती। इसे तोड़ने की कोशिश पर यह खराब हो जाती है। इससे वाहन चोरी, फर्जी नंबर प्लेट और अपराध में वाहनों के इस्तेमाल पर रोक लगाने में मदद मिलती है। सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद 1 अप्रैल 2019 से सभी नए वाहनों पर एचएसआरपी अनिवार्य है, जबकि पुराने वाहनों को भी इसे लगवाना जरूरी है।
एआरटीओ प्रशासन ने साफ किया कि जिन वाहन निर्माता कंपनियों के कुछ पुराने मॉडल के लिए अभी तक हाई सिक्योरिटी रजिस्ट्रेशन प्लेट उपलब्ध नहीं कराई गई है, उन वाहनों को फिलहाल इस व्यवस्था से अस्थायी छूट दी गई है। लेकिन जैसे ही कंपनी की ओर से एचएसआरपी उपलब्ध होगी, वैसे ही उन पर भी यह नियम लागू हो जाएगा। इसके लिए वाहन मालिकों को कंपनी के अधिकृत डीलर से संपर्क करना होगा।
गौरतलब है कि मोटर व्हीकल एक्ट के तहत बिना वैध पीयूसी के वाहन चलाने पर 10,000 रुपये तक का जुर्माना लग सकता है। अब तक कई वाहन मालिक एचएसआरपी लगवाने में टालमटोल कर रहे थे, लेकिन पीयूसी से जोड़ने के बाद अब इसे टालना मुश्किल होगा। बिना पीयूसी के न सिर्फ चालान कटेगा बल्कि वाहन का बीमा क्लेम भी फंस सकता है।
एआरटीओ प्रशासन आलोक कुमार सिंह ने जिले के सभी वाहन स्वामियों से अपील की है कि वे 15 अप्रैल से पहले अपने वाहनों पर हाई सिक्योरिटी रजिस्ट्रेशन प्लेट लगवा लें। उन्होंने कहा कि अंतिम समय में भीड़ बढ़ने से परेशानी हो सकती है, इसलिए अभी से बुकिंग कराकर प्लेट लगवा लें। एचएसआरपी के लिए www.siam.in या संबंधित वाहन कंपनी की वेबसाइट पर ऑनलाइन बुकिंग की सुविधा उपलब्ध है। बुकिंग के बाद तय तारीख पर डीलर के यहां जाकर प्लेट लगवाई जा सकती है।
उन्होंने बताया कि परिवहन विभाग के आंकड़ों के मुताबिक कानपुर नगर में अभी भी लगभग 30 प्रतिशत पुराने वाहनों पर एचएसआरपी नहीं लगी है। नए नियम से इन सभी वाहन मालिकों को अब दौड़भाग करनी पड़ेगी। विभाग ने पीयूसी केंद्रों को भी निर्देश जारी कर दिए हैं कि 15 अप्रैल से बिना एचएसआरपी वाले वाहनों का प्रदूषण जांच न करें।
सबसे पहले अपनी गाड़ी के रजिस्ट्रेशन नंबर से ऑनलाइन चेक करें कि एचएसआरपी बनी है या नहीं।
अगर नहीं बनी है तो तुरंत siam.in पोर्टल या अपनी गाड़ी की कंपनी की साइट पर बुक करें।
अपॉइंटमेंट की तारीख पर डीलर के पास जाकर प्लेट लगवाएं।
एचएसआरपी लगने के 24 घंटे बाद पीयूसी पोर्टल पर डेटा अपडेट हो जाएगा, फिर पीयूसी बनवा सकेंगे।
यह बेहद अनिवार्य है क्योंकि विभाग ने साफ कर दिया है कि 15 अप्रैल के बाद कोई बहाना नहीं चलेगा। एचएसआरपी नहीं तो पीयूसी भी नहीं।
Updated on:
10 Apr 2026 10:51 am
Published on:
10 Apr 2026 10:46 am
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