
फोटो सोर्स- 'X' वीडियो ग्रैब)
Kanpur two CMO dispute कानपुर के निलंबित सीएमओ को पुलिस के माध्यम से कार्यालय से बाहर निकाल दिया गया। लेकिन उनके तेवर में कोई कमी नहीं आई है। उन्होंने कहा कि जहां उन्हें रिलीफ मिलेगा। वहां अपनी फरियाद लगाऊंगा। इसके साथ ही उन्होंने कहा कि शासन प्रशासन ने उनके ऊपर दबाव बनाया है। जांच बैठाए जाने पर भी उन्होंने सवाल उठाया है। जांच पहले होनी चाहिए। अब बोले अदालत में कुछ दिखाने के लिए यह किया गया है। अभी वह सरकारी आवास नहीं छोड़ेंगे।
उत्तर प्रदेश के कानपुर में मुख्य चिकित्सा अधिकारी पद पर दो मुख्य चिकित्सा अधिकारियों की तैनाती हो गई। जब निलंबन रद्द होने के बाद डॉक्टर हरीदत्त नेमी ने चार्ज लेने के लिए पहुंच गए। वहीं उनकी जगह पर भेजे गए सीएमओ डॉक्टर उदयनाथ पहले से ही काम देख रहे थे। दोनों के बीच विवाद की गूंज शासन स्तर पर सुनाई पड़ी। प्रशासन में निलंबित सेवाओं को सीएमओ को स्पष्ट रूप से संदेश दिया कि जब तक शासन से आदेश नहीं आ जाता है। तब तक आप सीएमओ की कुर्सी छोड़नी होगी। निलंबित सीएमओ को कुर्सी छोड़नी पड़ी।
निलंबित सीएमओ डॉक्टर हरिदत्त नेमी ने कहा कि उन पर प्रेशर बनाया गया कि जब तक शासन से आदेश नहीं आ जाता है। कुर्सी छोड़नी पड़ेगी। इस मामले में 18 तारीख को सुनवाई होनी है। इसके लिए जांच भी बैठा दी गई है। जिससे अदालत को बताया जा सके कि मामले की जांच की जा रही है। सरकारी आवास कब तक छोड़ेंगे के सवाल पर उन्होंने कहा कि अभी उनकी पोस्टिंग कानपुर में ही है। इसलिए सरकारी आवास नहीं छोड़ेंगे। इसे छोड़ने के लिए 3 महीने का समय मिलता है।
Published on:
11 Jul 2025 02:51 pm
बड़ी खबरें
View Allकानपुर
उत्तर प्रदेश
ट्रेंडिंग
