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पंचायत चुनाव: चुनाव प्रचार के विरोधाभास में भाजपा ने पांच पदाधिकारियों को 6 वर्ष के लिए निकाला

भारतीय जनता पार्टी के पांच पदाधिकारियों को पंचायत चुनाव में प्रत्याशी के विराधे में प्रचार करना महंगा पड़ गया।

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पंचायत चुनाव: चुनाव प्रचार के विरोधाभास में भाजपा ने पांच पदाधिकारियों को 6 वर्ष के लिए निकाला

पंचायत चुनाव: चुनाव प्रचार के विरोधाभास में भाजपा ने पांच पदाधिकारियों को 6 वर्ष के लिए निकाला

पत्रिका न्यूज नेटवर्क
औरैया. पंचायत चुनाव (Panchayat Election) में भाजपा (BJP) प्रत्याशियों के विरोध में प्रचार करना पार्टी पदाधिकारियों को महंगा पड़ रहा है। जबकि प्रत्याशी पार्टी से घोषित होने के बाद पूरी दमखम से लगे हुए हैं। वहीं नाराज हुए पार्टी के अन्य सक्रिय सदस्यों द्वारा ईर्ष्या भाव से दुष्प्रचार किया जा रहा है। जबकि पार्टी हाईकमान (BJP Highkaman) इस समय बगावत पर उतरे पदाधिकारियों को लेकर सख्त है। इसी तरह औरैया जनपद में भारतीय जनता पार्टी के पांच पदाधिकारियों को पंचायत चुनाव में प्रत्याशी के विराधे में प्रचार करना महंगा पड़ गया। हाईकमान ने पांचों को छह वर्ष के लिए पार्टी से बाहर का रास्ता दिखा दिया है।

दरअसल जिले के सहार तृतीय से जिला पंचायत सदस्य से प्रत्याशी के खिलाफ पार्टी के ही कुछ सक्रिय सदस्यों विनायक राव शाक्य, क्रांत कुमार उर्फ टीटू भदौरिया, लंबरदार नायक, राम करन सिंह कुशवाहा व मुखलाल बाथम ने उनके विरोध में चुनाव प्रचार किया। प्रत्याशी के विरोध में चुनाव प्रचार की बात सामने आने पर पार्टी हाईकमान ने पूरे मामले की जानकारी जिलाध्यक्ष से की। विरोधाभास की पुष्टि होने पर भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष स्वतंत्र देव सिंह (BJP Pradesh Adhyaksh) सख्त एक्शन लिया। इसके बाद पांच पदाधिकारियों को छह वर्ष के लिए निष्कासित कर दिया।

पार्टी की इस कार्रवाई से महकमे में खलबली मची हुई है। भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष स्वतंत्र देव सिंह (Swatantradev Singh) के निर्देशानुसार पंचायत चुनाव को लेकर घोषित प्रत्याशियों के विरोध में चुनाव प्रचार कर रहे कुछ कार्यकर्ता व पदाधिकारियों को निष्कासित कर दिया गया है। पार्टी के जिलाध्यक्ष श्रीराम मिश्र ने बताया इन कार्यकर्ता व सदस्यों का निष्कासन छह वर्ष के लिए किया गया है। पार्टी प्रत्याशियों के विरोध में इनके द्वारा प्रचार किया जा रहा था। इसके तहत इन सभी के खिलाफ कार्रवाई की गई है।