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इस स्कूल टीचर की हरकत जानकर उड़ जाएंगे आपके होश, मासूम छात्रा को सिखाती थी ऐसा पाठ

कड़ाई से पूछने पर बच्चे ने सारी दास्तां बयां कर डाली। बच्चे की बाते सुनकर घरवालों के पसीना आ गया।

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इस स्कूल टीचर की हरकत जानकर उड़ जाएंगे आपके होश, मासूम छात्रा को सिखाती थी ऐसा पाठ

कानपुर देहात-इस कंपटीशन के दौर में अभिभावक अपने बच्चों को अच्छे से अच्छे पब्लिक व कान्वेंट स्कूलों में दाखिला दिखाते हैं, जिससे उनका बच्चा अच्छी शिक्षा पाकर भविष्य उज्ज्वल कर सके। ऐसे में अगर एक अच्छे स्कूल में बच्चे को दाखिला दिलाने के बाद स्कूल की शिक्षिका बच्चे को चोरी की शिक्षा दे रही हों तो जरा सोचिए आपके बच्चे और आपके ऊपर क्या गुजरेगी। ऐसा ही एक मामला कानपुर देहात के मशहूर विद्यालय का सामने आया है। दरअसल आरोप है कि अकबरपुर के माउंटेन व्यूव इंग्लिश मीडियम स्कूल की एक शिक्षिका ने स्कूल में पढ़ने वाली एक मासूम छात्रा को चोरी की शिक्षा दे डाली। शिक्षिका आये दिन छात्रा से उसके घर से रुपये चोरी करके मंगवाती थी।

घर से अचानक 50 हजार रुपये हुए गायब

इस बात की जानकारी घर वालो को तब हुई, जब घर में रखे 50 हज़ार रूपये अचानक गायब हो गए। तभी घरवालो ने रूपये को घर में तलाशना शुरू कर दिया। पैसे जब नहीं मिले तो उन लोगो ने बच्चे से पूछा तो बच्चा हड़बड़ाहट में कुछ बोल नही सका। इससे घर वालो को शक हो गया। तभी कड़ाई से पूछने पर बच्चे ने सारी दास्तां बयां कर डाली। बच्चे की बाते सुनकर घरवालों के पसीना आ गया। दरअसल जिले के रुरा क्षेत्र में रहने वाले दुर्गेश ने अपनी बच्ची को अच्छी शिक्षा दिलाने के लिए उसका एडमिशन अकबरपुर क्षेत्र के माउंटेन व्यूव इंग्लिश मीडियम स्कूल में कराया था। उन्हें क्या पता था कि जिस स्कूल में वो अपनी बच्ची को अच्छी शिक्षा के लिए भेज रहे हैं, वहां उसे चोर बना दिया जाएगा।

पिता की हार्डवेयर की दुकान है

दुर्गेश की हार्डवेयर की दुकान है। दिनभर में जो पैसा दुकान पर आता है, उसको वो घर मे रख देते हैं। दुर्गेश का कहना है कि घर से एक बार 50 हज़ार रुपये अचानक गायब हो गए थे, जिसे काफी ढूंढने के बाद जब रुपये घर मे नही मिले तो उन्होंने बच्ची इशिता के स्कूल से आने पर पूंछा। इशिता हड़बड़ाहट में कुछ भी बोल नही सकी, लेकिन जब उससे कड़ाई से पूंछा गया तब मामला सामने आया। दुर्गेश का ये भी कहना है कि बच्ची के बैग में लगभग 53 सौ रुपये मिले थे। तब उन लोगों ने इस पर ध्यान नही दिया।

पिता की तहरीर पर मुकदमा दर्ज किया गया था

फिलहाल परिवार वालो ने अकबरपुर कोतवाली में तहरीर दी। इशिता के पिता दुर्गेश ने बताया कि इशिता ने बताया था कि उसके स्कूल की टीचर तनु कौर ने उससे पहली बार 15 हज़ार रुपये मंगवाए थे। फिर वो बच्ची को ब्लैकमेल करती थी और रात में उसके वाट्सएप पर मैसेज करके रुपये मंगवाती थी। अब तक वो बच्चे से धमकी देकर उससे लाखो रुपये के साथ सोने की अंगूठियां भी मंगवा चुकी है। टीचर की शिकायत स्कूल प्रबंधन से की तो प्रबंधन ने 20 हज़ार रुपये देकर मामला दबाने की बात कही थी। इसी वजह से उस स्कूल से बच्ची का नाम भी कटवाकर उसे दूसरे स्कूल में एडमिशन करवा दिया।

एसपी बोले अभी और जांच हो रही है

स्कूल प्रबंधक से इस मामले में जब पूंछा गया तो वो कैमरे से मुंह छुपाकर भागते नजर आए और स्कूल की टीचर को आनन फानन में स्कूल से निकालकर अपना पल्ला छाड़ लिया। वहीं इस मामले में जिले के एसपी अनुराग वत्स ने बताया कि परिजनों की तहरीर पर सीओ अकबरपुर द्वारा जांच कराई गयी थी। सीओ की रिपोर्ट पर मुकदमा दर्ज करवा दिया गया है। तहरीर में कहा गया है कि स्कूल टीचर बच्चे को ब्लैकमेल करके उससे हज़ारो रुपये मंगवाती थी। इस मामले में अभी और जांच की जा रही है।