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यूपी पुलिस के सब इंस्पेक्टर ने कहा मुकदमा खत्म करने के लिए हमें भी नजराना चाहिए, हुआ निलंबित

बीता सोमवार कानपुर पुलिस को दागदार करने का दिन साबित हुआ। जब पुलिस कमिश्नर को अपने ही दो अधिकारियों के खिलाफ जांच बैठाने पड़ी। जिसमें एक एसपी भी शामिल है।

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यूपी पुलिस के सब इंस्पेक्टर ने कहा मुकदमा खत्म करने के लिए हमें भी नजराना चाहिए, हुआ निलंबित

यूपी पुलिस के सब इंस्पेक्टर ने कहा मुकदमा खत्म करने के लिए हमें भी नजराना चाहिए, हुआ निलंबित

कानपुर पुलिस अवैध वसूली के मामले में चर्चा में है। यूपी 112 के नोडल अधिकारी के खिलाफ पत्र वायरल हुआ था। अब चौकी इंचार्ज के खिलाफ ऑडियो वायरल हो रहा है। जिसमें पीड़ित से नजराना मांगा जा रहा है। वायरल ऑडियो के आधार पर पुलिस कमिश्नर ने उप निरीक्षक को निलंबित कर दिया।

रामानंद शर्मा निवासी बर्रा 8 थाना गुजैनी ने बताया कि उनके बच्चों के खिलाफ फर्जी मुकदमा लिखा गया था। जिसकी जांच गुजैनी चौकी इंचार्ज राजेश बाजपेई कर रहे हैं। डीसीपी साउथ और इंस्पेक्टर ने उप निरीक्षक राजेश बाजपेई से कहा था मुकदमा स्पंज कर देना। यह फर्जी मुकदमा है।

सीओ के पेशकार के नाम पर मांगता था रिश्वत

रामानंद शर्मा ने उपनिरीक्षक राजेश बाजपेई पर आरोप लगाया कि घटनास्थल का शपथ पत्र और सीसीटीवी कैमरे का फुटेज दिए थे। जिसे हटा दिया गया है। सीओ पेशकार के नाम पर पैसे की वसूली होती थी। थोड़ा-थोड़ा करके अब तक 70-80 हजार ले चुके हैं। वायरल ऑडियो में भी नजराना मांगे जाने की बात सामने आती है। राजस्थान पत्रिका वायरल ऑडियो की पुष्टि नहीं करता है।

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पुलिस कमिश्नर ने किया एसआई को निलंबित

डीसीपी प्रमोद कुमार ने बताया कि ऑडियो को एनालिसिस कर लेते हैं, किसका है और किस टाइम भेजा गया है। जांच कराई जाएगी। प्रथम दृष्टया दोषी पाए जाने पर उप निरीक्षक राजेश बाजपेई को निलंबित कर दिया गया है। जांच एसीपी बाबू पुरवा को दी गई है।