
रनियां चौकी से युवक को छुड़ाने के लिए ग्रामीणों ने पथराव कर काटा हंगामा, पुलिसकर्मी जान बचाकर भागे
कानपुर देहात-जनपद की रनियां पुलिस चौकी पर आधी रात ग्रामीणों ने करीब ढाई घंटे तक तांडव किया। ग्रामीणों का उग्र रूप देख दहशत के आये कई पुलिसकर्मी चौकी छोड़कर भाग निकले। वहीं हंगामा के चलते नेशनल हाईवे पर भी अफरा-तफरी का माहौल बना रहा। गुजर रहे वाहनों पर भी पथराव होने से हड़कंप मच गया। दरअसल यूपी 100 पुलिस टीम द्वारा पकड़े गए नरेंद्र को छुड़ाने के लिए छुंट्टी पर आया फौजी देशराज आधी रात ट्रैक्टरों से ग्रामीणों को लेकर रनियां आया। पुलिस के अनुसार यहां से नरेंद्र को अकबरपुर कोतवाली भेजे जाने की जानकारी मिलते ही देशराज व उसके साथियों के भड़काने पर भीड़ ने पुलिस चौकी पर पथराव शुरू कर दिया। घबराकर पुलिसकर्मी चौकी छोड़ भाग गए। भीड़ ने हाईवे से निकल रहे वाहनों पर भी पत्थर चलाए। करीब ढाई घंटे तक पुलिस दहशत में रही। सीओ सदर व अकबरपुर कोतवाल, गजनेर, रूरा बरौर, आदि थानों की फोर्स ने जब उपद्रवियों को खदेड़ा तब जाकर रात दो बजे शांति हुई।
पुलिस के अनुसार फायरिंग नहीं हुई
बताया गया कि उपद्रव के दौरान फायरिंग करने की भी चर्चा रही। चौकी के आसपास के दुकानदारों ने दबी जुबान से पथराव व उप्रदव के दौरान कई राउंड फायर होने की भी बात कही लेकिन यह फायरिंग उपद्रवियों द्वारा की गई या पुलिस की ओर से हुई, इस बात को कोई भी खुलकर बोलने को तैयार नहीं हुआ। अकबरपुर कोतवाल ऋषिकांत शुक्ला ने फायरिंग से इन्कार करते हुए कहा कि फायरिंग की जानकारी नहीं है। ग्रामीण उपद्रव की तैयारी से ही रनियां आए थे, इसके चलते उन लोगों ने चौकी से एक किमी दूर ट्रैक्टर खड़े कर पैदल चौकी पहुंचे तथा सुनियोजित ढंग से बवाल किया।
रासुका गैंगस्टर में होगी कार्यवाही
रनियां चौकी में हुए उपद्रव का मुख्य आरोपित फौजी देशराज राष्ट्रीय रायफल्स का जवान है। जिसके उकसाने पर ये बवाल हुआ है। अकबरपुर कोतवाल ऋषिकांत शुक्ला ने बताया कि देशराज पर कार्यवाही के लिए सेना के वरिष्ठ अफसरों को रिपोर्ट भेजी जा रही है। उपद्रव में शामिल लोगों पर रासुका व गैंगस्टर के तहत भी कार्यवाही होगी।
Published on:
11 Jul 2018 06:21 pm
