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प्रधानमंत्री आवास निर्माण में इस नगर निगम में सामने आई बड़ी बेपरवाही, 5462 में से तीन साल में नगर निगम बना पाया महज 316 आवास

झोपड़-पट्टी, कच्चे मकानों में गुजारा करने वाले लोगों को पक्के आशियाने का सपना पूरा कराने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा महत्वाकांक्षी पीएम आवास योजना चलाई जा रही है। इस बड़ी योजना में नगर निगम की बड़ी बेपरवाही सामने आई है। आपको जानकर ताज्जुब होगा की तीन साल में नगर निगम 5 हजार 462 आवासों में से महज 316 आवास ही पूर्ण करा पाया है। ये वे अवास हैं, जिनमें हितग्राही को स्वयं बनाने हैं।

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कटनी

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Balmeek Pandey

Sep 10, 2019

PM Awas

PM Awas

कटनी. झोपड़-पट्टी, कच्चे मकानों में गुजारा करने वाले लोगों को पक्के आशियाने का सपना पूरा कराने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा महत्वाकांक्षी पीएम आवास योजना (pm awas) चलाई जा रही है। इस बड़ी योजना में नगर निगम की बड़ी बेपरवाही सामने आई है। आपको जानकर ताज्जुब होगा की तीन साल में नगर निगम 5 हजार 462 आवासों में से महज 316 आवास ही पूर्ण करा पाया है। ये वे अवास हैं, जिनमें हितग्राही को स्वयं बनाने हैं। (pradhanmanri awas yojna) बात यही खत्म नहीं होती। हैरानी की बात तो यह है कि कुलमात्र अभी 1437 आवास ही निर्माणाधीन हैं, शेष आवासों की अभी नींव तक नहीं रखी गई। हितग्राही पक्के आशियाने की आस में सिर्फ और सिर्फ अधिकारियों के चक्कर काट रहे हैं। बता दें कि 2017-18 में 4562 पीएम आवास स्वीकृत हुए थे। इन आवासों को अबतक बनकर तैयार हो जाना था, लेकिन अबतक नतीजा निराशाजनक है। नगर निगम द्वारा 1758 आवासों का डीपीआर तैयार किया गया है, लेकिन उनके नींव रखने के लिए अभी ठोस रणनीति नहीं बन पाई है। ग्रामीण क्षेत्र में स्वीकृत हुए पीएम आवास के निर्माण की स्थिति 90 फीसदी से ऊपर है, लेकिन नगर निगम 15 फीसदी भी नहीं कर पाया। इतनी बड़ी योजना में न तो अधिकारी ठीक से मॉनीटरिंग कर रहे और ना ही क्रियान्वयन करा पा रहे।

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किश्त भी नहीं हो रही जारी
नगर निगम के माध्यम से शहर में हितग्राहियों के बन रहे आवास में किश्त का भी रोड़ा है। हितग्राहियों को समय पर किश्त ही नहीं मिल रही, इससे आवासों का निर्माण नहीं हो पा रहा। इसको लेकर शुक्रवार को एमआइसी की बैठक में पार्षद गौरीशंकर पटेल सहित अन्य पार्षद मुद्दा भी उठा चुके हैं, इसके बाद भी नगर निगम के जिम्मेदार अधिकारी आवास निर्माण को लेकर गंभीरता नहीं दिखा रहे।

इनका कहना है
मैंने झिंझरी और प्रेमनगर में बन रहे पीएम आवास का निरीक्षण किया है। नोडल अधिकारी से प्रगति भी जानी है। स्व निर्माण वाले केस में भी जल्द से जल्द आवासों का निर्माण पूरा हो, इस दिशा में प्रयास करेंगे।
आरपी सिंह, आयुक्त नगर निगम।
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एक हजार से अधिक आवासों का निर्माण प्रगति पर है। शेष आवासों की राशि आनी है। जैसे ही राशि प्राप्त हो जाती है निर्माण कार्य शुरू करा दिया जाएगा। हर हितग्राही के आवास बने यह प्रयास होगा।
शशांक श्रीवास्तव, महापौर।