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अप्रैल में ही पानी की किल्लत, बचाने के लिए अब गांव-गांव लगेगी चौपाल

ग्रामीण बताएंगे पुराने जलस्रोत को जीवित करने क्या हो प्रयास.
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कटनी

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raghavendra chaturvedi

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Updated: 1 Apr 2022, 4:52 PM IST

Water crisis

Water crisis

कटनी. लगातार बढ़ते जलसंकट को देखते हुए अब पुराने जलस्रोत को पुनर्जीवित करने के साथ ही जल संरक्षण के लिए जागरुकता बढ़ाने गांव-गांव कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। इसमें जल यात्रा, जल सम्मेलन और जल संसद का आयोजन किया जाएगा। जल अभिषेक अभियान के अंतर्गत जल संग्रहण एवं संवर्धन के कार्य होंगे। जिससे भूजल स्तर को बढ़ाया जा सके।

जिले में 75 नवीन तालाब (अमृत सरोवरों) का निर्माण कराया जाएगा। स्थानीय परिस्थितियों व आवश्यकता के अनुरूप वर्ष 2022-23 में जिले में जलाभिषेक अभियान के कार्यों की रणनीति, कार्यों व अभिसरित की जाने वाली शासकीय योजनाओं का निर्धारण कर प्रस्तुतीकरण किया जाएगा। जल अभिषेक अभियान के अंतर्गत वर्षा जल के संग्रहण और भू-जल संवर्धन के कार्य में जन सहभागिता को प्रोत्साहित कर और जल संरक्षण गतिविधियों के सघन क्रियान्वयन के कार्य भी कराए जाएंगे।

पानी बचाने के लिए सामाजिक जुड़ाव व वातावरण निर्माण के साथ जल अभिषेक अभियान के अंतर्गत गतिविधियों का आयोजन किया जा रहा है। इसमें ग्राम पंचायत स्थल पर जल यात्रा, जनपद स्तर पर जल समेलन और जिला स्तर पर जल संसद का आयोजन किया जाएगा। आयोजन के दौरान जल के संरक्षण की शपथ दिलाई जाएगी। जिले में 5 अप्रैल तक आयोजित होने वाली गतिविधियों के लिए तैयारियां चल रही है।

ग्रामीणों में पानी की कमी और इसके संरक्षण के साथ ही भविष्य में सामने आने वाली परेशानी को लेकर जागरुकता के कई अभियान चलाए जाएंगे। इसमें सोशल मोबिलाइजेशन, एनवायरमेंट बिल्डिंग के लिए कार्य व जन सहभागिता को प्रोत्साहित करने के लिए वातावरण निर्माण, नवीन जल संरक्षण और भू-जल संवर्धन कार्यों की प्लानिंग, क्रियान्वयन, पुष्कर धरोहर समृद्धि अभियान के अंतर्गत पुरानी जल संग्रहण संरचनाओं का चिन्हाकन कर जीर्णोद्धार या नवीनीकरण, भूजल रिचार्ज, नदी पुनर्जीवन, कृषकों द्वारा निजी क्षेत्रों पर जल संग्रहण आदि कार्यों की प्लानिंग और क्रियान्वयन का कार्य शामिल है।

जिला पंचायत सीइओ जगदीश चंद्र गोमे ने बताया कि जलाभिषेक अभियान के तहत संपादित अभिनव उल्लेखनीय कार्यों का प्रचार प्रसार किया जाएगा। सर्वोत्तम उदाहरण प्रस्तुत करने वाली ग्राम पंचायतों, व्यक्तियों का सम्मान करते हुए प्रशस्ति पत्र प्रदान किए जाएंगे। इस अभियान की वार्षिक कार्य योजना में चयनित कार्यों की सूची ग्राम पंचायत में चस्पा की जाएगी। सीईओ जनपद एवं अन्य अधिकारियों को निर्देशित किया गया है कि फील्ड विजिट के दौरान ग्राम पंचायतों के पदाधिकारियों के साथ जल संरक्षण और जल संवर्धन के विषय, ग्राम पंचायत के कार्य क्षेत्र में किए जा रहे जल संरक्षण कार्य व जन सहभागिता पर आवश्यक रूप से चर्चा करें।