एक बेरोजगार पौते ने अपनी ही दादी की हत्या कर दी है, आरोपी युवक बेरोजगार भी था और घर के भी कुछ काम नहीं करता था.
खंडवा. एक बेरोजगार पौते ने अपनी ही दादी की हत्या कर दी है, आरोपी युवक बेरोजगार भी था और घर के भी कुछ काम नहीं करता था, ऐसे में जब भी उसे किसी काम के लिए कुछ बोल दिया जाता तो वह झगड़ा करने लगता था, ऐसे में जब किसी बात को लेकर विवाद हुआ था, उसकी दादी उसे प्यार से समझा रही थी, लेकिन वह अचानक गुस्से में आया और उसने अपनी ही दादी को मार डाला।
बोरगांव बुजुर्ग खंडवा में लिंगी फाटा पर एक पोते के झगड़ों और बेरोजगारी से परेशान दादी समझाने पहुंची तो गुस्से में पोते ने दादी के मुंह पर बड़ा पत्थर मारकर हत्या कर दी। पुलिस के अनुसार लिंगी फाटा निवासी कालू पिता गोविंद बाबरिया मेघवाल बेरोजगार था। जब भी परिजन उसे कामकाज के लिए बोलते तो वह झगड़ा करता था। बुधवार को भी कालू को पहले उसकी ही रिश्तेदार मालू समझाने लगी तो कालू ने लकड़ी से उसके साथ मारपीट की। झगड़ा होता देख कालू की दादी देवीबाई अमरा (70) कालू को समझाने पहुंची। जब देवीबाई भी कालू को वही सब बातें समझाने लगी तो कालू ने गुस्से में एक बड़ा पत्थर उठाकर देवीबाई के मुंह पर मार दिया।
पत्थर से देवीबाई को गंभीर चोट आई और अधिक खून बहने से उसकी मृत्यु हो गई। कालू मौके से फरार हो गया । घटना की सूचना बोरगांव पुलिस को मिली। सूचना पर पंधाना थाना प्रभारी रामप्रसाद यादव, बोरगांव चौकी प्रभारी रमेश गवले, एफएसएल अधिकारी मकवाना, फिंगर प्रिंट एक्सपर्ट गणेश पाटीदार मौके पर पहुंचे और साक्ष्य जुटाए है। वृद्धा के शव को पीएम के लिए भेजा गया है। इधर बोरगांव चौकी प्रभारी रमेश गवले ने बताया की कालू के खिलाफ आइपीसी की धारा 302, 506 के तहत प्रकरण पंजीबद्ध किया है।
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