टीपी वन में पानी जाने के कारण समय पर नहीं खाली हुई कोयले की रैक, रेलवे ने 53 घंटे का लगाया डैमरेज
खंडवा . संत सिंगाजी थर्मल पॉवर के पहले चरण में सीएचपी का कार्य कर रही पॉवर लिमिटेड कंपनी की लापरवाही सामने आई है। केजीबी कोयला खदान से रैक लेकर 21 जुलाई को रात 8 :10 बजे परियोजना पहुंची। लेकिन ट्रांसफर पाइंट वन में जल भराव होने से कोयले की रैक खाली नहीं हो सकी। कोयले से रैक पाइंट पर ट्रेन लंबे समय तक खड़ी रही। रैक सोमवार की सुबह खाली हो सकी। जबकि रैक को खाली करने 5 घंटे में खाली करने का समय निर्धारित किया गया था। रेलवे ने कंपनी पर 53 घंटे का लाखों रुपए का डेमरेज चार्ज लगाया है।
सीएचपी का कार्य कर रही कंपनी और जिम्मेदार अधिकारियों की लापरवाही के चलते दिक्कत शुरू हो गई। डेमरेज से परियोजना को समय पर नहीं मिल पाती है। दोगुनी पेनाल्टी भी भुगताना पड़ती है। पूर्व में इस तरह से कोयला खाली नहीं होने के कारण रेलवे ने पेनाल्टी लगा जा चुकी है। यहां रैक समय पर खली नहीं होने से कोयला मिलने में भी परेशानी आती है। रैक देर से खाली होने पर बिजली उत्पादन भी प्रभावित हो सकता है।