110 की रफ्तार से देखी 56 किमी नए ट्रैक की गुणवत्ता, 40 मिनट में सफर पूरा

कमिश्नर ऑफ रेलवे सेफ्टी मुंबई ने रेलवे बोर्ड की टीम के साथ किया मथेला-निमाडख़ेड़ी ट्रैक का निरीक्षण। आगामी 15 दिन में मिल सकती है अनुमति

By: राजीव जैन

Published: 23 Jun 2019, 04:02 AM IST

खंडवा. खरगोन जिले के सेल्दा पावर प्लांट के लिए बिछाए रेलवे ट्रैक की गुणवत्ता शनिवार को कमिश्नर ऑफ रेलवे सेफ्टी (सीआरएस) मुंबई ने रेलवे बोर्ड की टीम के साथ जांची। सीआरएस सुशील चंद्रा सुबह 9 बजे विशेष निरीक्षणयान में टीम के साथ मथेला रेलवे स्टेशन पहुंचे। यहां 9.45 बजे मथेला स्टेशन की व्यवस्थाओं का जायजा लिया। यात्री सुविधाओं को बेहतर बनाने के निर्देश दिए। निरीक्षण के बाद नए रेलवे ट्रैक की पूजा की और मथेला से निमाडख़ेड़ी के बीच 56 किमी के नए रेलवे ट्रैक का जायजा लेने रवाना हुए। उन्होंने इंजीनियर्स टीम के साथ ट्रैक की गुणवत्ता देखी। ट्रैक पर स्टेशनों के नवनिर्माण की जानकारी ली। वापसी में विशेष निरीक्षण यान को 110 की रफ्तार से नए ट्रैक पर दौड़ाया गया। निमाडख़़ेड़ी से मथेला पहुंचने में 40 मिनट लगे। सीआरएस ने ट्रैक निर्माण को लेकर संतुष्टी जताई है। उन्होंने कहा ट्रैक ठीक है। जल्द ही मालगाड़ी चलाने की मंजूरी मिल सकती है। सीआरएस चंद्रा निरीक्षण के बाद रिपोर्ट तैयार कर रेलवे बोर्ड को सौंपेंगे। रिपोर्ट के आधार पर नए ट्रैक पर ट्रेनों का परिचालन शुरू करने पर निर्णय लिया जाएगा।

 

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CRS Mumbai Visit at Mathela Nimar Kheri Western Railway Track IMAGE CREDIT: patrika

ट्रॉली से देखा ट्रैक, वापसी में ट्रेन से आए
नए रेलवे ट्रैक का निरीक्षण करने सीआरएस चंद्रा अपनी टीम के साथ कार में सवार होकर रवाना हुए। इस दौरान ट्रैक पर निरीक्षण ट्रॉली भी ले जाई गई। इस ट्रॉली में सवार होकर उन्होंने कई स्थानों पर ट्रैक की जांच की। रेलवे सूत्रों की मानें तो ट्रैक को सीआरएस ने ओके बताया है। आगामी दिनों में मालगाड़ी के साथ ही पैसेंजर ट्रेन दौड़ाने की मंजूरी मिल सकती है। शाम करीब 7.30 बजे निमाडख़ेड़ी से ट्रैक का विंडो निरीक्षण करते हुए सीआरएस मथेला स्टेशन पहुंचे। यहां से खंडवा आए और फिर निरीक्षण यान में सवार होकर मुंबई के लिए रवाना हुए। इधर, अफसरों के निरीक्षण के दौरान ट्रैक पर पडऩे वाले अजंती, निमाडख़ेड़ी, मथेला स्टेशन पर आकर्षित सजावट की गई थी।

 

Mathela Station khandwa
Mathela Station khandwa IMAGE CREDIT: patrika

कोटल्याखेड़ी में स्टेशन बंद करने का विरोध, सीआरएस को रोका
निरीक्षण के लिए आए रेलवे कमिश्नर सुशील चंद्रा एवं मंडल अधिकारियों की रेलगाड़ी को ग्राम कोटल्याखेड़ी, भोमवाड़ा, धूलवाड़ा, लोहारी एवं लाल्याखेड़ी के ग्रामीणों ने रोक लिया। सूचना के बाद धनगांव पुलिस पहुंची। ग्रामीणों ने बताया कि 70 साल से कोटल्याखेड़ी (Kotlyakhedi) में रेलवे स्टेशन है, जिसे बंद किया जा रहा है। अधिकारी एवं ग्रामीणों के बीच पुलिस ने मध्यस्थता कर ज्ञापन के बाद आश्वासन मिला तब ग्रामीण माने और गाड़ी रवाना हुई। आधे घंटे चले ग्रामीणों के आक्रोश के बाद रेलवे अधिकारियों के आश्वासन पर ग्रामीण माने।

CRS Stopeed in Kotlyakhedi khandwa
CRS Stopeed in Kotlyakhedi khandwa IMAGE CREDIT: patrika

रफ्तार को लेकर संशय, बोर्ड लेगा निर्णय
रेलवे के अफसरों के अनुसार, निमाडख़ेड़ी से मथेला के बीच 56 किमी लंबा तैयार किया गया है। इस पर ट्रेनों का परिचालन 100 से 110 किमी प्रतिघंटे की रफ्तार से चलाने की योजना बनाई जा रही है। इसके चलते सीआरएस चंद्रा ने रफ्तार तय करने के लिए ट्रैक का निरीक्षण किया। वह निरीक्षण रिपोर्ट रेलवे बोर्ड को सौंपेंगे। इसके बाद ट्रैक पर गाड़ी की रफ्तार तय की जाएगी। अभी 100 किमी प्रतिघंटे की रफ्तार से ट्रेन का परिचालन शुरू करने पर संशय है।

 

मूंदी-खंडवा मार्ग पर बीस मिनट तक रोका ट्रैफिक
निमाडख़ेड़ी-मथेला के बीच बिछाए गए रेलवे ट्रैक के कारण मूंदी-खंडवा मार्ग पर यातायात प्रभावित हो रहा है। रेलवे ट्रैक इस मार्ग से होते हुए गुजर रहा है। शनिवार को सीआरएस चंद्रा निरीक्षण पर पहुंचे। जैसे ही उनका काफिला मूंदी रोड पर पहुंचा तो जाम की स्थिति बनी। रेलवे ने यहां मानव रहित क्रासिंग गेट बंद कर करीब 20 मिनट तक ट्रैफिक रोककर रखा गया। इस दौरान लोगों को आवागमन में परेशानियों का सामना करना पड़ता है।

राजीव जैन
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