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ओंकार पर्वत से 150 फीट नीचे खाई में गिरा बुजुर्ग, 50 फीट ऊपर झाड़ी में फंसा रहा पूरी रात, और फिर जो हुआ वो…

Omkareshwar: ओंकारेश्वर में जो हुआ है वो किसी चमत्कार से कम नहीं है। पर्वत से गिरकर भी बुजुर्ग है जिंदा

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Omkareshwar

खंडवा. ओंकार ( omkareshwar ) पहाड़ से 150 फीट नीचे कोई खाई में गिर जाए ( Fell in ditch ) तो सोचिए उसका हश्र क्या होगा। सोच कर ही आप सिहर जाएंगे। वो भी गिरने वाला व्यक्ति 75 साल का बुजुर्ग हो तो उसकी हालत का अंदाजा सहज लगा सकते हैं। ओंकारेश्वर में ज्योतिर्लिंग दर्शन करने आए राजस्थान के 75 साल का श्रद्धालु गुरुवार रात पैर फिसलने से रातभर 50 फीट नीचे झाड़ियों में लटका रहा।

जानकारी के अनुसार राजस्थान के चित्तौड़गढ़ जिले से 20 श्रद्धालुओं का जत्था ओंकारेश्वर सहित अन्य धार्मिक यात्रा पर आया हुआ है। इसी जत्था में श्रद्धालु काजोलिया भी शामिल थे। गुरुवार को सभी श्रद्धालुओं ने नर्मदा स्नान कर ओंकारजी के दर्शन किए और ओंकार पर्वत की परिक्रमा के लिए रवाना हो गए। जत्था परिक्रमा मार्ग पर चल रहा था। बुजुर्ग होने के चलते वे धीमी गति से चल रहे काजोलिया पीछे रह गए। इस दौरान मेहंदीघाट सिद्धवरकूट क्षेत्र की 150 फीट ऊंची पहाड़ी पर अचानक उनका पैर फिसल गया।

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झाड़ी में फंसा रहा
सुनसान क्षेत्र और पहाड़ी की ऊंचाई अधिक होने से उनकी चीख भी किसी को सुनाई नहीं दी। उसके साथी भी आगे निकल गए इस बीच किसी का ध्यान भी नहीं पड़ा। वे 50 फीट नीचे पेड़ और झाड़ियों के बीच फंस गए। वे पूरी रात झाड़ियों में फंसे रहे। शुक्रवार सुबह घाट पर मौजूद लोगों की नजर पड़ी तो पुलिस को सूचना दी।


दर्द से कराह रहे थे
मांधाता थाना एसआई विनोद नागर ने बताया कि श्रद्धालु जमीन से सौ फीट पर झाड़ियों में फंसा था और घायल हालत में दर्द से कराहते हुए जान बच्चाने के लिए चिल्ला रहा था। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर रेस्क्यू अभियान शुरू किया। पहाड़ी की चढ़ाई सीधी होने से काफी मशक्कत के बाद लोग ऊपर पहुंचे, जहां घायल श्रद्धालु को सुरक्षित निकालकर लाया गया। अस्पताल में प्राथमिक उपचार के बाद डॉक्टर के परामर्श पर उन्हें ओंकारेश्वर के वृद्धाश्रम में रखा है।

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रेस्क्यू टीम ने बताया कि श्रद्धालु पहाड़ी से सीधे नीचे गिरता तो नीचे नदी में पत्थर होने से जान भी जा सकती थी। वहीं, एक बार फिर से यह कहावत चरितार्थ हो गई है कि जाको राखे साइयां, मार सके न कोई...। यह कहावत ओंकारेश्वर में सही साबित हुई है।