भाजपा और माकपा के प्रतिनिधियों ने चुनावी प्रक्रिया और प्रशासनिक अधिकारियों के आचरण से जुड़े मुद्दे उठाए। वैचारिक मतभेदों के बावजूद दोनों दलों ने आयोग से मतदान को कम समय में, आदर्श रूप से एक या दो चरणों में कराने का अनुरोध किया। माकपा प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व मोहम्मद सलीम ने किया और उन्होंने मतदाता सूची में विसंगतियों तथा युवाओं को फॉर्म-6 भरने में आने वाली डिजिटल बाधाओं पर चिंता जताई। भाजपा प्रतिनिधिमंडल ने तृणमूल सांसद कल्याण बनर्जी की विवादित टिप्पणियों पर कार्रवाई की मांग की और संवेदनशील मतदान केंद्रों पर केंद्रीय बलों की निगरानी की आवश्यकता बताई। प्रतिनिधिमंडल में शिशिर बजोरिया, जगन्नाथ चटर्जी और तापस राय शामिल थे। कांग्रेस की ओर से अशुतोष चट्टोपाध्याय और प्रदीप भट्टाचार्य सहित अन्य नेता बैठक में उपस्थित रहे।