
कोलकाता . चार धाम के रूप में चार धाम मंदिर का निर्माण कार्य चल रहा है। जिसमें तीसरे धाम के रूप में हुगली के बारुईपारा में श्री ब्रम्हदत्त धाम का निर्माण कार्य तेजी से हो रहा है। इसमें 150 बीघा मंदिर परिसर में 15 बीघा में दत्रात्रेय का विराट मंदिर बन रहा है। इसका उद्घाटन फरवरी में होगा। सदगुरु नारायण महाराज (अन्ना) ने चार धाम का निर्माण करने का संकल्प सभी को एकत्र करने के लिए किया। ठीक उसी तरह से जैसे 2500 साल पहले हिन्दूओं को एकजुट करने के लिए के लिए जगतगुरु शंकराचार्य ने चार पीठों की स्थापना की थी। उसी तर्ज पर सभी को संगठित करने के उद्देश्य से नारायण महाराज ने चार धाम स्थापित करने का संकल्प लिया। इन चार धामों में सबसे पहला मध्यप्रदेश में, दूसरा कन्याकुमार तथा तीसरा कोलकाता में बना है जिसका उद्घाटन होना बाकी है। चौथा धाम हिमाचल प्रदेश में तैयार होगा।
चार दिवसीय कार्यक्रम
मंदिर का उद्घाटन 18 फरवरी को किया जाएगा। इस मौके पर 16 फरवरी से चार दिवसीय कार्यक्रम होगा। 16 फरवरी को कोलकाता शहर परिक्रमा, शनिवार को चंडीतला से मंदिर तक परिक्रमा की जाएगी। दोनों परिक्रमा दत्रात्रेय की प्रतिमा को लेकर की जाएगी। 18 फरवरी को मूर्ति की प्राणप्रतिष्ठा और कलशारोहण किया जाएगा। सोमवार को होम हवन व देवदर्शन किया जाएगा।
अस्पताल व गौशाला का भी होगा निर्माण
इस विशाल मंदिर प्रांगण में मंदिर के अलावा नेचुरल चिकित्सा प्रणाली का अस्पताल, गौशाला सहित धर्मशाला व रहने की व्यवस्था भी की जाएगी। दूर-दराज से आने वालों के लिए यहां ठहरने की व्यवस्था की जा रही है।
युद्ध स्तर पर चल रहा है काम
मंदिर के उद्घाटन का समय तय हो चुका है। 18 को मंदिर का उद्घाटन तथा सार्वजनिक तौर पर सभी के दर्शन के लिए मंदिर को खोल दिया जाएगा। इसके तहत मंदिर को पूरा करने में दिन-रात काम में जुटे हुए हैं।
सदगुरु नारायण महाराज (अन्ना) का मानना है कि चार धाम हम सब को संगठिन करने तथा एक जुट करने के लिए मिसाल बनेगी। यही उनके जीवन का लक्ष्य है। पश्चिम बंगाल का काम पूरा होने के बाद हिमाचल में चौथे धाम का निर्माण कार्य पूरा किया जाएगा।
Published on:
22 Jan 2018 07:31 pm
बड़ी खबरें
View Allकोलकाता
पश्चिम बंगाल
ट्रेंडिंग
