26 जनवरी 2026,

सोमवार

Patrika LogoSwitch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

फर्जी नियुक्ति के सबूत देखकर न्यायाधीश हैरान

मुर्शिदाबाद के एक स्कूल में किसी अन्य के नियुक्ति पत्र के सहारे नौकरी करने के एक मामले में कलकत्ता हाइकोर्ट ने हैरानी जताते हुए सीआइडी के डीआईजी को तलब किया। उन्हें गुरुवार की सुबह साढ़े दस बजे न्यायाधीश विश्वजीत बसु की अदालत में उपस्थित होना होगा।

2 min read
Google source verification
फर्जी नियुक्ति के सबूत देखकर न्यायाधीश हैरान

फर्जी नियुक्ति के सबूत देखकर न्यायाधीश हैरान

हाइकोर्ट ने सीआइडी के डीआइजी को अदालत बुलाया
आरोपी शिक्षक के वेतन रोकने का आदेश
कोलकाता. मुर्शिदाबाद के एक स्कूल में किसी अन्य के नियुक्ति पत्र के सहारे नौकरी करने के एक मामले में कलकत्ता हाइकोर्ट ने हैरानी जताते हुए सीआइडी के डीआईजी को तलब किया। उन्हें गुरुवार की सुबह साढ़े दस बजे न्यायाधीश विश्वजीत बसु की अदालत में उपस्थित होना होगा। न्यायाधीश उनसे यह जानेंगे कि वे इस मामले की जांच करने को तैयार है या नहीं। इसके साथ ही अदालत ने फर्जी तरीके से नौकरी पाए शिक्षक के स्कूल में प्रवेश करने और वेतन रोकने का भी आदेश दिया है।
--
सूचना के अधिकार से मिली जानकारी
मुर्शिदाबाद के गोथा एआर हाईस्कूल में अनिमेष तिवारी की नियुक्ति हुई थी। सूचना के अधिकार के तहत मिली जानकारी के आधार पर यह सामने आया कि तिवारी की नियुक्ति सोमा दास नामक महिला के नियुक्ति-पत्र की नकल कर हुई है। तिवारी हाईस्कूल में भूगोल के अध्यापक के तौर पर पिछले दो साल से नौकरी कर रहे हैं। उनके पिता तापस तिवारी इसी स्कूल के प्रधानाचार्य हैं।
--
फर्जीवाड़ा कर काम
सोमा दास ने हाइकोर्ट में याचिका दायर कर कहा है कि आरटीआइ से पता चला है कि उनके नियुक्ति पत्र की नकल कर अनिमेष नौकरी कर रहे है। आरोप है कि अनिमेष अपने पिता के स्कूल में दूसरे की सिफारिश और नियुक्ति पत्र में फर्जीवाड़ा कर काम करता था। यह भी आरोप है कि अनिमेष ने रोजगार पत्र में अपना नाम बदल लिया।
--
क्या मत हैं नोबेल विजेताओं के: जज गांगुली
- शिक्षक भर्ती घोटाला
कोलकाता. पश्चिम बंगाल में जिस प्रकार शिक्षकों की नियुक्ति में बड़े पैमाने पर घोटाला हुआ है उसपर नोबेल विजेता अमत्र्य सेन और अभिजीत विनायक बंद्योपाध्याय के मत क्या है? बुधवार को कलकत्ता हाइकोर्ट के न्यायाधीश अभिजीत गांगुली ने यह टिप्पणी की है। शिक्षकों की भर्ती में हुए घोटाले के मुकदमे न्यायाधीश गांगुली की अदालत में चल रहे हैं। बुधवार को न्यायाधीश गांगुली ने अपने अदालत कक्ष में अधिवक्ता विकास रंजन भट्टाचार्य से बातचीत के दौरान यह टिप्पणी की। न्यायाधीश गांगुली ने कहा कि अमत्र्य सेन ट्रस्ट चलाते हैं। उनकी इस विषय में क्या राय है। हाल में ही अमत्र्य सेन ने कहा था कि ममता बनर्जी प्रधानमंत्री पद की योग्य उम्मीदवार हैं। इस बयान के बाद न्यायाधीश गांगुली की यह टिप्पणी महत्वपूर्ण मानी जा रही है।