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kolkata-MCA pass youth-एमसीए पास युवक ने बनाया सरकारी फर्जी वेबसाइट, हुआ गिरफ्तार

सरकारी वेब पोर्टल की नकल कर फर्जी तरीके से फेक वेबसाइट बनाकर रेत खनन का परमिट जारी करने के मामले की जांच करते हुए एक आरोपी को गिरफ्तार किया गया है। फेक वेबसाइट बनाने के मामले में विधाननगर साइबर क्राइम थाने की पुलिस ने आरोपी को पूर्वी बर्दवान के कटवा से गिरफ्तार किया है। आरोपी एक संस्थान से एमसीए पास किया है। वह वेबसाइट डेवलपर है।

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kolkata-MCA pass youth-एमसीए पास युवक ने बनाया सरकारी फर्जी वेबसाइट, हुआ गिरफ्तार

kolkata-MCA pass youth-एमसीए पास युवक ने बनाया सरकारी फर्जी वेबसाइट, हुआ गिरफ्तार

विधाननगर साइबर क्राइम थाने को मिली सफलता :

-फर्जी वेबसाइट से करता था रेत खनन परमिट जारी

कैप्शन : गिरफ्तार युवक से थाने में पूछताछ करती पुलिस।

कोलकाता.

सरकारी वेब पोर्टल की नकल कर फर्जी तरीके से फेक वेबसाइट बनाकर रेत खनन का परमिट जारी करने के मामले की जांच करते हुए एक आरोपी को गिरफ्तार किया गया है। फेक वेबसाइट बनाने के मामले में विधाननगर साइबर क्राइम थाने की पुलिस ने आरोपी को पूर्वी बर्दवान के कटवा से गिरफ्तार किया है। आरोपी एक संस्थान से एमसीए पास किया है। वह वेबसाइट डेवलपर है। फर्जी तरीके से बनाए गए उस वेबसाइट के जरिए विभिन्न संस्थानों को रेत खनन की अनुमति प्रदान किया जा रहा था। आरोपी का नाम शौभिक चट्टोपाध्याय है। इस मामले में पहले ही एक युवक को गिरफ्तार किया गया था, उससे पूछताछ के बाद दूसरे को दबोचा गया है।

वेस्ट बंगाल मिनरल डेवलपमेंट एंड ट्रेडिंग कॉरपोरेशन लिमिटेड ने की थी शिकायत

बताया जाता है कि पिछले साल अक्टूबर में वेस्ट बंगाल मिनरल डेवलपमेंट एंड ट्रेडिंग कॉरपोरेशन लिमिटेड के जीएम शामिक पाणिग्रही ने विधाननगर साइबर क्राइम थाने में लिखित शिकायत दर्ज कराई थी। उन्होंने शिकायत की थी कि बिना अनुमति के अवैध रूप से रेत निकाली जा रही है। उन्होंने विभिन्न सरकारी वेब पोर्टल का डुप्लीकेट बनाकर पोर्टल बनाने की भी जानकारी दी थी। इसके चलते जहां एक ओर सरकार के राजस्व की हानि हो रही है, तो वहीं दूसरी ओर अवैध बालू खनन से प्राकृतिक संतुलन बिगड़ रहा है।

पुलिस ने शुरू की जांच

शिकायत मिलने के बाद साइबर थाने की पुलिस ने जांच शुरू की। सबसे पहले आरोपी हसानुज्जमां मोल्ला को गिरफ्तार किया गया। उसके पास से एंड्रायड मोबाइल और तीन राउटर बरामद किए गए। उन सभी इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों की जांच के बाद जांचकर्ताओं को एक और आरोपी मिला। उसी के आधार पर शौभिक चट्टोपाध्याय को बर्दवान कटवा से गिरफ्तार किया गया। कथित तौर पर उनके खिलाफ आरोप है कि वह आधिकारिक वेब पोर्टल की नकल करते हुए यह फर्जी वेबसाइट बनाए थे। वह वेबसाइट डेवलपर के तौर पर ही काम करता है। तो माना जा रहा है कि उनके लिए ये काम आसान हो गया है। शनिवार को उन्हें विधाननगर हाईकोर्ट ले जाया गया। जांच अधिकारी ने उनकी हिरासत के लिए आवेदन किया है।

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अवैध कॉल सेंटर से 48 लाख की क्रिप्टोकरेंसी जब्त, 5 आरोपी चढ़े हत्थे
-कॉल सेंटर की आड़ में होता था क्रिप्टोकरेंसी से पैसों का लेन-देन


एकबार फिर विधाननगर में अवैध कॉल सेंटर पर छापेमारी कर पुलिस ने 48 लाख की क्रिप्टोकरेंसी जब्त की। मामले में 5 आरोपियों को गिरफ्तार किया। सूत्रों ने बताया कि बंगाल पुलिस को शनिवार को उस वक्त बड़ी सफलता मिली जब क्रिप्टोकरेंसी के जरिए अवैध कारोबार चलाने के आरोप में विधाननगर में एक कॉल सेंटर पर पुलिस ने छापे मारे। 5 लोगों को गिरफ्तार कर 48 लाख रुपये की क्रिप्टोकरेंसी जब्त की गई। पुलिस के मुताबिक, जांचकर्ताओं ने एक महीने पहले सपुरजी आवास परिसर में एक कॉलसेंटर पर छापेमारी की थी। वहां अंतरराष्ट्रीय कॉल सेंटर की आड़ में अवैध गतिविधियां चल रही थीं। टेक्नो सिटी थाना पुलिस की कार्रवाई में यह बात सामने आई। पुलिस ने जिन 5 आरोपियों को दबोचा उनमें गिरफ्तार नारायणपुर निवासी रोहित शर्मा महज 26 साल का है। इसके अतिरिक्त नारकेलडांगा निवासी मोहम्मद जाहिद हुसैन को भी गिरफ्तार किया गया। इसके अलावा 3 और पुलिस के जाल में फंसे हैं।

-----क्रिप्टोकरेंसी से पैसों का अवैध लेन-देन

जांच करने पर पुलिस को पता चला कि कॉल सेंटर संचालन की आड़ में क्रिप्टोकरेंसी के जरिए पैसों का लेन-देन किया जा रहा था। उस पैसे का अवैध इस्तेमाल किया जा रहा था। टेक्नो सिटी थाने की पुलिस ने तब बाइनरी एक्सचेंज से संपर्क किया और पैसे जब्त करने की व्यवस्था की। 3 खातों को जब्त कर लिया गया है। इन तीनों खातों में कुल रकम करीब 48 लाख थी। पुलिस इस पैसे को उसके उचित स्थान पर लौटाने के लिए आवश्यक कदम उठा रही है। साथ ही वे ऐसे और अकाउंट्स को खोजने की कोशिश कर रही है। हिरासत में लिए गए लोगों से पूछताछ कर अवैध गतिविधियों के बारे में और जानकारी जुटाई जा रही है। पुलिस ने बताया कि जांच के बाद यह पाया गया कि अवैध उद्देश्यों के लिए क्रिप्टोकरेंसी का उपयोग कर पैसा भेजा जा रहा था। हाल में साल्टलेक और विधाननगर में अवैध कॉल सेंटर के कई खुलासे हुए।
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