ज्ञानेश कुमार ने आश्वासन दिया कि किसी भी पात्र मतदाता का नाम सूची से नहीं हटाया जाएगा। उन्होंने कहा कि हाल ही में जारी अंतिम मतदाता सूची में 7.08 करोड़ नाम शामिल हैं और न्यायिक विचाराधीन मामलों को छोड़कर वर्तमान में 6,44,52,609 मतदाता पात्र के रूप में सूचीबद्ध हैं। मुख्य चुनाव आयुक्त ने कहा कि हर मतदान केंद्र पर 100 प्रतिशत वेबकास्टिंग की व्यवस्था की जाएगी और इस प्रक्रिया की चुनाव आयोग के कर्मियों द्वारा करीबी निगरानी की जाएगी। युवाओं की भागीदारी बढ़ाने के लिए हर विधानसभा क्षेत्र में सहायक निर्वाचन पंजीकरण अधिकारियों की नियुक्ति की जाएगी। ये अधिकारी कॉलेजों में अभियान चलाकर युवाओं को मतदान प्रक्रिया से जोड़ने का प्रयास करेंगे। उन्होंने बताया कि 'पश्चिम बंगाल के चुनावों की तैयारी की समीक्षा के लिए पूरा आयोग पिछले 2 दिन से राज्य में है और चुनाव की हर तैयारियों पर पूरी समीक्षा के साथ ही चुनाव के आधार स्तंभ बीएलओ के साथ चर्चा की। इस दौरान नए मतदाताओं को प्रतीकात्मक रूप से मतदाता पहचान पत्र भी प्रदान किए गए। उन्होंने बताया कि राज्य में कुल 294 विधानसभा सीटों में से 210 सामान्य श्रेणी की हैं, 68 अनुसूचित जाति के लिए और 16 सीटें अनुसूचित जनजाति के लिए आरक्षित हैं।