बगदेवा खदान में तीन कर्मचारियों के मौत मामले में मैनेजर और डिप्टी मैनेजर सस्पेंड

-प्रारंभिक जांच में दोनों ही अधिकारियों की लापरवाही आई सामने -सीएमडी बिलासपुर ने की कार्रवाई

By: Shiv Singh

Published: 18 Dec 2018, 07:15 PM IST

कोरबा. बगदेवा खदान में रविवार को जहरीली गैस के रिसाव से तीन की मौत के मामले में सीएमडी बिलासपुर ने मैनेजर और डिप्टी मैनेजर को सस्पेंड कर दिया है। प्रारंभिक जांच में दोनों ही अधिकारियों की लापरवाही सामने आने पर यह कार्रवाई की गई है। रविवार की रात एसईसीएल की बगदेवा खदान के बंद फेस को चालू फेस से जोडऩे गए तीन कर्मचारी माइनिंग सरदार लक्ष्मीकांत, रामाधार व अजय कुमार खदान के अंदर लगभग तीन किमी दूर पहुंचे थे। इसकी कोशिश कर रहे थे, इसी बीच माइनिंग सरदार लक्ष्मीकांत बेहोश हो गए थे। उन्हेें बाहर निकालने गए कैरियर अजय कुमार व मजदूर रामधार भी जद में आ गए। माइनिंग सरदार लक्ष्मीकांत का शव पहले बाहर निकाला गया।

इसके बाद अजय कुमार और मजदूर रामाधार का शव बाहर निकाला गया। इस घटना के बाद एसईसीएल प्रबंधन में हड़कंप मच गया। डीजीएमएस (डायरेक्टेड जनरल ऑफ माइंस एंड सेफ्टी) की टीम ने सोमवार को ही जांच कर ली थी। प्रांरभिक स्तर पर अधिकारियों की लापरवाही मानी जा रही थी। डीजीएमएस ने अपनी रिपोर्ट मुख्यालय को दे दी है। एसईसीएल के बिलासपुर सीएमडी एमपी पांडा ने मंगलवार को बगदेवा के सीनियर मैनेजर राधेलाल सिन्हा और अस्सिटेंट मैनेजर ओमप्रकाश सिंह को निलंबित कर दिया है।
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अफसरों ने नियमों का नहीं किया पालन, इसलिए हुई तीन मौतें
सीनियर मैनेजर राधेलाल सिन्हा और असिस्टेंट मैनेजर ओमप्रकाश सिंह को सस्पेंड करने के साथ ही यह तो स्पष्ट हो गया है कि दोनों ने लापरवाही बरती थी। सीएमडी ने सस्पेंड आदेश में भी कहा है कि दोनों ने गाइडलाइन का पालन नहीं किया। दोनों ही अपनी ड्यूटी में फेल रहे। ओमप्रकाश जो कि पैनल इंचार्ज भी थे। इन्होंने बंद फेस को चालू कराने के लिए नियमों की अनदेखी कर दी।

Shiv Singh Desk
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