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बंद होगी पुरानी 445 कोयला खदानें

कोल इंडिया के अधीन संचालित 445 पुरानी कोयला खदानें बंद की जाएगी। इसकी जानकारी केंद्रीय कोयला मंत्रालय की ओर से राज्यसभा को दी गई है। देश में कोल इंडिया अग्रणी कोयला कंपनी है।

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Piyushkant Chaturvedi

Aug 20, 2016

mines will be closed

445 old coal mines will be closed

कोरबा.
कोल इंडिया के अधीन संचालित 445 पुरानी कोयला खदानें बंद की जाएगी। इसकी जानकारी केंद्रीय कोयला मंत्रालय की ओर से राज्यसभा को दी गई है। देश में कोल इंडिया अग्रणी कोयला कंपनी है। देश की जरुरत का 80 प्रतिशत कोयला आपूर्ति इसी कंपनी द्वारा की जाती है। कोयला उत्खनन के लिए ओपन व अंडर ग्राउंड माइंस का संचालन किया जाता है।


अधिकारियों का कहना है कि कोल इंडिया द्वारा कोयले का उत्पादन बढ़ाया जा रहा है। पुरानी खदानों का विस्तार व नई खदानें खोलने की प्रक्रिया अपनाई जा रही है। कई खदानें ऐसी हैं जहां पर कोयले का भंडार समाप्ति की ओर है। चाहकर भी ऐसी खदानों का विस्तार नहीं किया जा सकता। ऐसी खदानों का सर्वे कराकर सूची तैयार की गई है। इसमें 445 खदानें बंद करने योग्य मिली है। इनको बंद करने की अनुशंसा की गई है।


जिले में भी कई खदानें पुरानी

जिले में भी एसईसीएल की खदानें उत्पादनरत हैं। कई पुरानी खदानें बंद हो चुकी है। रजगामार, सुराकछार के अधीन संचालित पुरानी खदानों को बंद किया गया है। बांकीमोंगरा की पांच व छह नंबर खदान अभी हाल ही में बंद की गई है। कोल इंडिया का ऐसा मानना है कि कम कोयला उत्पादन वाली खदानों का संचालन करने से कंपनी को आर्थिक नुकसान हो रहा है। ऐसी खदानों को बंद करके नई खदान खोलना ज्यादा अच्छा है। पुरानी खदानों में पदस्थ कर्मचारियों को दूसरी खदानों में भेजा जाएगा।

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