
60 हजार मकानों का प्रापर्टी टैक्स नहीं हो सका ऑनलाइन, जानिए क्या रही वजह...
कोरबा. 60 हजार मकानों का प्रापर्टी टैक्स इस बार ऑनलाइन ही नहींं किया जा सका है। पीटीआईएस सिस्टम में इस सत्र के लिए संपत्तिकरदाता को कितना भुगतान करना है इसकी जानकारी घर बैठे नहीं मिल रही है। अधिकारियों का कहना है कि कई अन्य कार्यों की वजह से इस बार जानकारी अपडेट नहीं हो सकी है।
प्रापर्टी टैक्स इन्फार्मेशेन सिस्टम में हर बड़े निगम क्षेत्र के संपत्तिकरदाता की पूरी जानकारी अपडेट की गई है। यह पिछले साल से शहरवासियों को सुविधा दी गई है। लेकिन इस बार किसी भी संपत्तिकरदाता की जानकारी अपडेट नहीं हो सकी है। दरअसल निगम के जोन कार्यालयों का चक्कर लगाने के बाद आम लोगों को बेहद परेशानी का सामना करना पड़ता है।
स्वनिर्धारण संपत्तिकर के मामले में भी कई बार लोग जानबुझकर कम राशि दर्शा कर जमा कर देते थे। इससे निगम द्वारा जब बाद में पुर्नमूल्यांकन किया जाता था तो इसकी पोल खुल जाती थी। कोरबा निगम क्षेत्र में कुल 60 हजार मकान हैं जिनकी पूरी जानकारी निगम के डाटा सेंटर द्वारा अपडेट की जाती है इसमें मकान कब से बना है और कब से प्रापर्टी टैक्स के दायरे में शामिल हुआ है उसका क्षेत्रफल कितना है इसे सार्वजनिक किया गया है। इसके हिसाब से हर महीने का प्रापर्टी टैक्स पोर्टल में अपडेट कर दी जाती थी। इससे आम लोग आसानी से टैक्स अदा कर सकते थे।
पूरा महकमा लगा स्काई पोर्टल की जानकारी अपडेट करने में
निगम के डाटा सेंटर में वर्तमान में पूरा महकमा स्काई पोर्टल की जानकारी अपडेट करने में लगा हुआ है। 67 वार्ड के 35 हजार हितग्राहियों की जानकारी अपडेट करने में अभी और समय लग सकता है। हालांकि इससे पहले बगैर किसी वजह के भी प्रापर्टी टैक्स अपडेट नहीं किया गया था।
67 की जगह निगम के पोर्टल में 58 वार्ड
परिसीमन के बाद शहर में 58 की जगह 67 वार्ड हो चुके हैं। जीआईएस सर्वे परिसीमन से पहले किया गया था। निगम के इस पोर्टल में अब भी 58 वार्ड ही है। इससे जो वार्ड व टैक्स जोन के क्षेत्र में पहले आते थे वे अब बदल चुके हैं। ऑनलाइन सिस्टम में लोगों को अपना मकान ढूंढने में परेशानी होती है।
मकानों में अतिरिक्त निर्माण, नया सर्वे नहीं किया
निगम क्षेत्र के प्रापर्टी के जीआईएस सर्वे कराया गया था। हालांकि कंपनी बीच में काम छोड़ कर भाग गई थी। इसके बाद निगम ने अपने स्तर पर इसका सर्वे किया। लगभग चार साल पहले पूरा किए गए सर्वे के हिसाब से ही निगम द्वारा प्रापर्टी टैक्स का भ्ुागतान किया जाता है इस अवधि में सैकड़ों मकानों में अतिरिक्त निर्माण किया गया लेकिन उसकी जानकारी अपडेट नहीं होने से निगम को राजस्व का नुकसान हो रहा है।
-पूरा महकमा स्काई पोर्टल के काम में लगा हुआ है जिसकी वजह से प्रापर्टी टैक्स के पोर्टल में जानकारी अपडेट नहीं हो सकी है। जल्द इसे अपडेट करा लिया जाएगा। श्रीधर बनाफर, राजस्व अधिकारी, नगर निगम कोरबा
Published on:
03 Jul 2018 11:24 am
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