
हड़ताल खत्म, बर्खास्त कर्मचारियों की ज्वाइनिंग पर रोक
कोरबा. करीब डेढ़ माह से रायपुर में हड़ताल पर बैठे स्वास्थ्य संयोजक काम पर लौटने लगे हैं। लेकिन बर्खास्त किए गए कर्मचारियों के ज्वाइनिंग राह आसान नहीं लग रही है। स्वास्थ्य विभाग ने उनकी बहाली पर रोक जारी रखी है।
जिले में २७२ स्वास्थ्य संयोजक अलग अलग अस्पतालों में काम करते हैं। वेतन बढ़ोत्तरी सहित अन्य मांगों को लेकर संयोजक अगस्त से बेमियादी हड़ताल पर थे। रायपुर में धरना प्रदर्शन कर रहे थे। लेकिन सरकार ने स्वास्थ्य संयोजकों की हड़ताल को महत्व नहीं दिया। बड़े अफसर बातचीत के लिए नहीं पहुंचे। इससे आंदोलन खिंचता गया। तीन दिन पहले स्वास्थ्य सचिव से बातचीत के बाद हड़तालियों ने काम पर लौटने का फैसला किया था।सोमवार शाम करीब पांच बजे कुछ कर्मचारियों ने मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी के कार्यालय में उपस्थित दर्ज कराई और पुन: काम पर लौटने की बात कही। सीएमएचओ डॉ. पीएस सिसोदिया ने बताया कि हड़ताल अवधि में कोरबा जिले से १०० स्वास्थ्य संयोजकों को बर्खास्त कर दिया गया था।
इसकी ज्वाइनिंग के संबंध में विभाग की ओर कोई आदेश जारी नहीं किया गया है। तब तक बर्खास्त कर्मियों की ज्वाइनिंग पर रोक जारी रहेगी। सीएमएचओ के इस रुख ज्वाइनिंग करने पहुंचे स्वास्थ्य संयोजकों को भारी झटका लगा है। अब वे समझ नहीं पा रहे हैं कि बर्खास्तगी खत्म करने के लिए किस प्रकार से विभाग के अधिकारियों से कहें। इसलिए अब ऐसे स्वास्थ्य संयोजक अपने प्रदेश के पदाधिकारियों से संपर्क करने में जुटे हैं ताकि कोई रास्ता निकले।
टीकाकरण फिर शुरू होने की उम्मीद
जिले में स्वास्थ्य संजोजकों से विभाग टीकाकरण का कार्य लेता है। कर्मचारी आंगनबाड़ी या सब हेल्थ सेंटर में नियमित टीकाकरण करते हैं। ग्रामीणों अस्पतालों इनपर प्रसूति भी कराने का दायित्व है। एक माह से टीकाकरण का कार्य ठप पड़ा हुआ है। इसकी वजह यह है कि जमीनी स्तर पर विभागीय योजनाएं यही कर्मचारी कार्यान्वित करते हैं। डिलेवरी के लिए गर्भवती महिलाओं को काफी परेशानी हो रही थी। काम पर लौटने से व्यवस्था पटरी पर लौटने की उम्मीद जगी है।

Published on:
18 Sept 2018 12:25 pm
बड़ी खबरें
View Allकोरबा
छत्तीसगढ़
ट्रेंडिंग
