
कोरोना को हराने मंजिल गुरुकुल के ये कर्मवीर बना रहे मास्क, रेलवे उपलब्ध करा रहा कपड़ा
कोरबा. मंजिल गुरुकुल के छात्र-छात्राएं कोरोना वायरस के संक्रमण को रोकने के लिए मास्क तैयार किए जा रहे हैं। छात्राओं ने लगभग एक हजार से अधिक मास्क बनाने का लक्ष्य है, जिसे रेलवे के कर्मवीरों और जरूरतमंदों को वितरण किया जाएगा। रेलवे के पुराने स्कूल में रेलवे प्रबंधन द्वारा गरीब व जरूरतमंद बच्चों के लिए स्पेशल कोचिंग का नि:शुल्क संचालन किया जाता है। इसका नाम मंजिल गुरुकुल है।
यहां केंद्रीय व राज्य स्तरीय के माध्यम से लिए जा रहे भर्ती परीक्षा से संबंधित विषयों का प्रशिक्षण दिया जाता है। इन दिनों गुरुकुल की कोचिंग बंद है। ऐसे में छात्र-छात्राएं भर्ती परीक्षा की तैयारी के साथ ही मास्क बनाने का भी कार्य कर रहे हैं। अभी तक लगभग 300 मास्क तैयार कर लिए हैं। इनका लक्ष्य एक हजार से अधिक मास्क बनाने का है। इसे रेलवे के कर्मवीरों व जरूरतमंदों को नि:शुल्क वितरण किया जाएगा। मास्क बनाने के लिए कपड़े रेलवे की तरफ से उपलब्ध कराई जा रही है। इसके अलावा मशीन, सुई, धागा सहित अन्य सामग्री स्वयं की व्यवस्था कर सेवा में लगे हुए हैं।
यह मास्क सामान्य व्यक्ति जो किसी आवश्यक कार्य से बाहर व सड़क पर निकलने वालों के लिए है। इसका उपयोग अच्छे से सफाई के बाद फिर से किया जा सकता है। दरअसल कोरोना वायसर के संक्रमण के बचाव के लिए आवश्यक कार्य से बाहर निकलने के लिए मास्क लगाना अनिवार्य है। जबकि बाजार में मास्क की कमी है। हालांकि कपड़े वाली मास्क चिकित्सक व मेडिकल स्टाफ के लिए नहीं है। उनके लिए मास्क मेडिकल स्टोर्स में उपलब्ध है। इस कार्य में नेहा साह, श्रुति गोस्वामी, बलप्रित, अमीषा पटेल, प्रिया गोस्वामी, नीतू सिरका, शिवा और स्वाति गोस्वामी के द्वारा तैयार किया जा रहा है।
Published on:
18 Apr 2020 10:31 am
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