
छत्तीसगढ़ में बंद जीएनएम नर्सिंग कोर्स दोबारा शुरू हुआ, आठ करोड़ की अधूरी बिल्डिंग बनने और सरकारी नर्सिंग कॉलेज खुलने की उम्मीद जगी
बैकुंठपुर। छत्तीसगढ़ में जीएनएम(जरनल नर्सिंग एंड मिडवाइफरी) नर्सिंग कोर्स बंद के बाद दोबारा शुरू होने से कोरिया में सरकारी नर्सिंग कॉलेज खुलने की उम्मीद जगी है।
जानकारी के अनुसार राज्य सरकार ने सत्र 2019-20 में साढ़े तीन वर्षीय जीएनएम नर्सिंग कोर्स को बंद कर दिया था। सत्र २०२१-२२ से जीएनएम कोर्स दोबारा शुरू हुआ है। प्रदेशभर के सरकारी व प्राइवेट नर्सिंग कॉलेज में जीएनएम कोर्स में एडमिशन के बाद पढ़ाई होने लगी है। नर्सिंग कोर्स दोबारा शुरू होने के बाद कोरिया में सरकारी नर्सिंग कॉलेज खुलने की उम्मीद जगी है। क्योंकि चिकित्सा शिक्षा संचालनालय रायपुर से आठ साल पहले कॉलेज बिल्डिंग व छात्रावास भवन बनाने स्वीकृति मिली थी। वर्ष 2013-14 में कोरिया जिला मुख्यालय बैकुंठपुर में जीएनएम कॉलेज खोलने के लिए भवन-छात्रावास निर्माण कराने 5.35 करोड़ की प्रशासकीय स्वीकृति मिली थी। जिसे सीजीएमएससी(छत्तीसगढ़ मेडिकल सर्विसेस कार्पोरेशन)को निर्माण कराने जिम्मेदारी सौंपी गई थी। इस दौरान सीजीएमएससी ने अपने स्टाफ की तनख्वाह सहित अन्य खर्च का आंकलन करने के बाद लागत राशि में 31 फीसदी स्वयं पर खर्च करने ब्यौरा सौंपा था। क्योंकि नियमानुसार निर्माण कार्य की 5 फीसदी राशि सीजीएमएससी को देने का प्रावधान है। फिलहाल नर्सिंग कॉलेज की बिल्डिंग व छात्रावास भवन का निर्माण करीब आठ साल से अधूरा पड़ा है। हालाकि सीजीएमएससी ने करीब चार साल पहले रिवाइज इस्टीमेट बनाकर बिल्डिंग-हॉस्टल निर्माण कराने 8 करोड़ का प्रस्ताव भेजा था। राज्य सरकार की प्रशासकीय स्वीकृति भी मिली है। लेकिन सीजीएमएससी के खाते में बजट ट्रांसफर नहीं हुआ है। बजट के अभाव में पिछले करीब चार साल से निर्माण कार्य बंद पड़ा है। सीजीएमएससी ने निर्माण प्रारंभ करने एक करोड़ का बजट मुहैय्या कराने डिमांड पत्र भी भेजा था। लेकिन राज्य सरकार से किसी प्रकार का कोई पत्र या बजट नहीं दिया गया है।
९० फीसदी निर्माण पूरा, चार साल से काम बंद पड़ा है
सीएमएचओ कार्यालय व जीएनएम कॉलेज के लिए जमीन आवटित है। जिला प्रशासन ने राज्य सरकार से जीएनएम कॉलेज की प्रशासकीय स्वीकृति मिलने के बाद ग्राम पंचायत कंचनपुर में गेज नदी के किनारे जमीन आवंटित की है। जिसमें सीजीएमएससी ने कॉलेज बिल्डिंग, प्रशासनिक भवन, हॉस्टल, स्टाफ क्र्वाटर का स्ट्रक्ट्रर खड़ा कर दिया है और करीब 90 फीसदी निर्माण हो चुका है। दोबारा भेजे गए इस्टीमेट में बाउंड्रीवाल, परिसर में पक्की सड़क, चारों ओर स्ट्रीटलाइट, बड़ा बड़ा गेट सहित अन्य निर्माण कराना शामिल है। वर्तमान में कोविड हॉस्पिटल संचालित है।
Published on:
11 Sept 2022 07:09 pm
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