20 जनवरी 2026,

मंगलवार

Patrika LogoSwitch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

पांच माह चली चली चम्बल की नहरों में लॉक बंदी की तैयारी

दाईं मुख्य नहर में जल प्रवाह घटाकर 2250 क्यूसेक तथा बाईं मुख्य नहर में 200 क्यूसेक

less than 1 minute read
Google source verification
पांच माह चली चली चम्बल की नहरों में लॉक बंदी की तैयारी

पांच माह चली चली चम्बल की नहरों में लॉक बंदी की तैयारी

कोटा। हाड़ौती व मध्यप्रदेश की जमीन को सरसब्ज करने वाली चम्बल की दाईं मुख्य नहर और बाईं मुख्य नहर में लॉक बंदी की तैयारी शुरू हो गई है। दोनों नहरों में पिछले करीब पांच माह से जल प्रवाह चल रहा था। बेमौसम हुई बारिश से रबी की फसलों के लिए पानी की मांग को पूरी तरह खत्म कर दिया है।चम्बल की नहरों में अक्टूबर माह में जल प्रवाह शुरू किया गया था। हाड़ौती की ढाई लाख हैक्टेयर जमीन नहरी पानी से सिंचित होती है। इतनी ही भूमि मध्यप्रदेश की सिंचित होती है। मध्यप्रदेश के जल संसाधन विभाग के अधिकारियों ने राजस्थान के अधिकारियों को सूचना भेज दी है कि मध्यप्रदेश के किसानों को रबी की फसलों के लिए अब पानी की जरूरत नहीं है। हाड़ौती में भी सिंचाई के लिए पानी की मांग खत्म हो गई है। सीएडी प्रशासन ने जल संसाधन विभाग को नहरों जल प्रवाह बंद करने को कह दिया है। इसके चलते शनिवार को दाईं मुख्य नहर में जल प्रवाह घटाकर 2250 क्यूसेक कर दिया है। जबकि इस नहर में जल प्रवाह की क्षमता 6300 क्यूसेक है। पिछले दिनों नहरी पूरी क्षमता से चल रही थी। बाईं मुख्य नहर में भी 1500 क्यूसेक के मुकाबले पानी घटाकर 200 क्यूसेक कर दिया गया है। रविवार शाम तक जल प्रवाह बंद कर दिया जाएगा।