कोटा. हाड़ौती अंचल में शुक्रवार को मावठ का दौर चला। तड़के से हल्की व तेज बारिश होती रही। कई जगहों पर कोहरा छाया रहा। कोहरे व बारिश के चलते सर्दी ने आमजन को ठिठुरा दिया।कोटा शहर में मौसम का मिजाज बदलने से शहर में कचौरी व चाय की डिमांड दोगुनी हो गई। व्यापारी पवन सुवालाल ने बताया कि सुबह से ही मौसम बदला होने से कचौरी की डिमांड दोगुनी हो गई। चाय के व्यवसायियों ने बताया कि चाय की मांग भी डेढ़ से दोगुनी हो गई। दुकानों पर दिनभर ग्राहकों की भीड़ लगी रही।
कोटा शहर समेत जिलेभर में सुबह से ही मौसम का मिजाज बदला रहा। मावठ की बारिश का दौर पौने 12 बजे तक जारी रहा। रिमझिम बारिश के कारण सड़कें गीली हो गई। मौसम सुबह कोहरे और बादलों के साए में रहा। इससे जनजीवन प्रभावित हुआ। सर्दी बढ़ने से लोग देर तक घरों में दुबके रहे। घने कोहरे के चलते वाहन चालकों को सुबह के समय वाहनों की हेडलाइट जलानी पड़ी।
सुबह- सुबह बच्चे ठिठुरते हुए स्कूल पहुंचे। दिनभर सूर्यदेव के दर्शन नहीं हुए। मावठ, कोहरे व बादल छाए रहने से शाम ढलने के बाद वापस तेज सर्दी का असर बढ़ गया।
लगातार चार-पांच दिन से छाए बादल व मावठ के बाद सर्दी के तेवर तीखे हो गए। मौसम विभाग के अनुसार, कोटा का अधिकतम तापमान 2 डिग्री गिरकर 22.3 डिग्री सेल्सियस रहा। न्यूनतम तापमान 2 डिग्री बढ़कर 17.7 डिग्री सेल्सियस रहा। हवा की रफ्तार 7 किमी रही। विजिबिलिटी 700 मीटर तक पहुंच गई।
दिनभर छाया कोहरा, सर्द हवाओं ने ठिठुराया
बूंदी जिले में सुबह से ही कोहरा छाया रहा। सूर्य देव के भी दर्शन नहीं हुए। बादलों ने सूर्य देव को अपने आगोश में ले लिया। ऐसे में सुबह के समय से दोपहर तक चली सर्द हवाओं ने लोगों को ठिठुरा दिया। लोग गर्म कपड़ों में लिपटे नजर आए। दुपहिया व चौपहिया वाहनों पर निकलने वाले लोग टोपे-जर्सी में लिपेटे नजर आए। अधिकतम तापमान 25 व न्यूनतम 13 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया।
बारां शहर समेत जिले में दिनभर बादलों की आवाजाही बनी रही। मौसम सर्द रहने से लोग गर्म कपड़ों में लिपटे रहे। कई जगह लोगों ने अलाव जलाकर सर्दी से राहत के जतन किए। अधिकतम तापमान 24 व न्यूनतम तापमान 13 डिग्री सेल्सियस रहा।
जमकर बरसी मावठ, सड़कों पर बह निकला पानी
झालावाड़ शहर व जिले में सुबह कोहरा छाया रहा। इस बीच मावठ का दौर भी शुरू हो गया। हवा से मौसम सर्द हो गया। कई जगह तो बरसात इतनी तेज थी कि सड़कों पर पानी बह निकला। झालावाड़ शहर में सुबह करीब साढ़े दस बजे से 20 मिनट तक रिमझिम बरसात हुई। इसके बाद भी बूंदाबांदी होती रही।
अकलेरा मेें सुबह आठ बजे से मावठ की बारिश से मौसम बदल गया। बारिश से सडक़ों पर पानी बह निकाला। इसके अलावा पिड़ावा, सुनेल, रायपुर, मनोहरथाना, पनवाड़, रीछवा, असनावर, रटलाई, चौमहला, भवानीमंडी, डग में मावठ गिरी और कोहरा छाया रहा। अधिकतम तापमान 25 व न्यूनतम 17 डिग्री सेल्सियस रहा।
फसलों के लिए वरदान
कृषि विशेषज्ञों ने मावठ को फसलों के लिए वरदान बता रहे हैं। किसानों ने बताया कि मावठ की बारिश से गेहूं, चना, सरसों, अरहर आदि फसलों में फायदा है तो अफीम की फसल में नुकसान भी हैं।