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जीएसटी काउंसिल ने किया कोटा स्टोन का टैक्स वर्गीकरण

रफ कोटा स्टोन पर 5 व पॉलिस्ड पर देना होगा 18 प्रतिशत जीएसटी  

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जीएसटी काउंसिल ने किया कोटा स्टोन का टैक्स वर्गीकरण

कोटा. जीएसटी काउंसिल की नई दिल्ली में हुई 28वीं बैठक में कोटा स्टोन पर लगने वाले जीएसटी पर अंतिम निर्णय हो गया है। जीएसटी काउंसिल ने रफ कोटा स्टोन को 5 व पॉलिस्ड कोटा स्टोन को 18 प्रतिशत की स्लेब में डाला है। जिसकी जीएसटी काउंसिल ने अधिकृत घोषणा भी कर दी।
कोटा स्टोन की टैक्स स्लेब निर्धारित करने की मांग को लेकर साल भर से उद्यमी, व्यापारी, निर्यातक जनप्रतिनिधियों, अधिकारियों के सम्पर्क में थे। जिन्होंने इस मामले को लेकर कई बार राज्य वस्तु एवं सेवा कर विभाग के अधिकारियों, केंद्रीय वस्तु एवं सेवाकर विभाग के अधिकारियों, राज्य सरकार के जनप्रतिनिधियों, सांसद, मंत्रियों, केंद्रीय मंत्रियों तक से वार्ताएं की। मुख्यमंत्री तक से इस मामले को लेकर चर्चा की। मुख्यमंत्री ने केंद्र सरकार को कोटा स्टोन की जीएसटी स्लैब निर्धारित करने को लेकर पत्र भी लिखा। उद्यमी-व्यापारियों द्वारा सालभर किए लम्बे संघर्ष के बाद जीएसटी काउंसिल ने टेक्स स्लेब निर्धारित कर राहत दी है। इसस उद्यमियों, व्यापारियों में हर्ष है।

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व्यापारियों उद्यमियों की दूर कर दी चिंता
कोटा व्यापार महासंघ के महासचिव अशोक माहेश्वरी ने बताया कि कोटा स्टोन हाड़ौती का प्रमुख उद्योग है। इससे प्रत्यक्ष अप्रत्यक्ष रूप से हजारों परिवार का पेट पल रहा है, लेकिन सरकार ने बरसों पहले इस पर मनमाना वैट लगाकर इस उद्योग को रुग्ण अवस्था में ला दिया। उद्यमियों के आंदोलन के बाद सरकार ने ५ प्रतिशत वैट निर्धारित किया, अब जीएसटी में असमंजस में डाल दिया। सरकार ने कोटा स्टोन का वर्गीकरण कर उद्यमियों, निर्यातकोंं को राहत दी है। इस उद्योग को रुग्ण उद्योग घोषित कर राहत दी जानी चाहिए। ताकि कोटा में फिर से औद्योगिक माहौल बन सके।

जीएसटी काउंसिल की 28वीं बैठक में कोटा स्टोन के बारे में भी चर्चा हुई। इसमें रफ कोटा स्टोन को5 व रेडी टू यूज, टाइल्स केटेगरी वाले कोटा स्टोन को 18 प्रतिशत की स्लेब में डाला है।

नरेश बुंदेल, उपायुक्त, केंद्रीय वस्तु एवं सेवा शुल्क विभाग