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खुशखबरी: राजस्थान की इस मंडी का होगा विस्तारीकरण, व्यापारियों और किसानों को मिलेगी बड़ी राहत

Krishi Upaj Mandi Will Expand: दो दशक से 20 बीघा 8 बिस्वा भूमि के मामले मे पेंच फंसा हुआ होने से मंडी यार्ड से लगी हुई जमीन का उपयोग मंडी समिति नहीं कर पा रही थी।

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कोटा

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Akshita Deora

Jun 09, 2025

कृषि उपज मंडी (फोटो: पत्रिका)

Ramganj Mandi News: विशिष्ट श्रेणी की धनिया मंडी के विस्तारीकरण की राहें खुल जाने से निकट भविष्य में जगह की तंगी के कारण मंडी यार्ड के गेट बंद करने से किसानों को होने वाली दिक्क़तों का सामना नहीं करना पड़ेगा। यहां की कृषि उपज मंडी अभी 65 बीघा भूमि में फैली हुई है। मंडी यार्ड से लगी 20 बीघा भूमि ओर मिल जाने से कृषि उपज मंडी यार्ड का क्षेत्रफल बढ़कर अब 85 बीघा का हो जाएगा। दो दशक से 20 बीघा 8 बिस्वा भूमि के मामले मे पेंच फंसा हुआ होने से मंडी यार्ड से लगी हुई जमीन का उपयोग मंडी समिति नहीं कर पा रही थी। जमीन विवाद का हल आपसी सहमति से बनने के बाद अब अधिग्रहित जमीन का उपयोग मंडी प्रशासन कर सकेगा।

20 बीघा 8 बिस्वा भूमि का मसला

विशिष्ट श्रेणी की धनिया मंडी में सीजन के समय में कृषि जिन्स की बपर आवक होने से मंडी यार्ड के गेट बंद करने के बनने वाले हालातों को देखकर वर्ष 2005 में तत्कालीन सचिव टी आर मीना ने मंडी यार्ड से लगी 20 बीघा 8 बिस्वा भूमि का अधिग्रहण करने की योजना बनाई थी। 12 दिसंबर 2005 को अधिग्रहण के लिए धारा 4 की अधिसूचना निकाली।

दूसरी अधिसूचना धारा 6 की 28 नवंबर 2006 में निकली। इसके बाद सचिव मीना का स्थानान्तरण हो गया। 23 नवंबर 2007 को इस मामले में आवार्ड पारित हुआ। 66 लाख 23 हजार की राशि इसके लिए पारित हुई थी। वर्ष 2012 में तत्कालीन सचिव दिवाकर दाधीच ने अधिग्रहित 20 बीघा 8 बिस्वा भूमि का कब्जा संभाला। इस बीच में न्यायालय में खातेदार द्वारा स्थगन लेने पर अवार्ड राशि 66 लाख 23 हजार 27 अप्रेल 2015 को सचिव बलवीर सिंह ने न्यायालय में जमा करवा दी।

समझौते से समाधान

खातेदार व मंडी समिति में आपसी सहमति बनने के बाद अधिग्रहित भूमि की जारी आवार्ड राशि लेने ओर सहमति बनने के साथ इस मामले का पटाक्षेप हो गया।

अब क्या होगा

मंडी समिति परिसर से लगी हुई भूमि कृषि उपज मंडी द्वारा संभाल लेने के बाद इस भूमि पर कितनी दुकानें व्यापारियों के लिए बनानी है, कितने गोदाम बनेंगे।

खुली नीलामी के लिए कितने ट्यूबलर शेड व प्लेटफार्म बनाए जाएंगे, इसका तखमीना तकनीशियनों द्वारा तैयार किया जाएगा। 20 बीघा भूमि की बाउंड्रीवाल भी मंडी समिति निर्मित करवाएगी।

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यह कहना है इनका

मंडी सचिव जवाहरलाल नागर ने बताया की 20 बीघा 8 बिस्वा भूमि का रास्ता साफ हो चुका हे।

जल्दी इस भूमि पर तमीना बनाकर प्रस्ताव मुख्यालय भेजा जायेगा वहा से जिस तरह का प्लान आएगा उसके अनुरूप निर्माण कार्य होंगे।

किसानों को यह मिलेगा फायदा

किसानों को अभी पीक सीजन के समय में जिन्स लेकर आने पर मंडी में हाऊस फुल हालत पर साबू मैदान खैराबाद मेला मैदान में खड़ा करवाया जाता है। निकट भविष्य में जब अधिग्रहित भूमि पर चार दीवारी कार्य पूर्ण हो जाएगा तो किसानों के जिन्स भरे वाहन इस भूमि पर खड़े करवाए जा सकेंगे। जिससें किसानों को भी राहत मिलेगी ओर मंडी समिति यहां किसानों के लिए बेहतर व्यवस्था करने में सक्षम होगी।

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