
Handling agent bought wheat On behalf of FCI
भारतीय खाद्य निगम के इटावा अनाज मंडी में संचालित खरीद केंद्र पर हैंडलिंग एजेंट ही एफसीआई के नाम पर किसानों से खरीद कर ऊंचे भाव में मंडी में बेचता रहा। भुगतान नहीं मिलने पर जब किसानों ने एफसीआई के गुणवत्ता निरीक्षण, खरीद केंद्र प्रभारी को शिकायत की तो घपले का खुलासा हुआ।
एफसीआई के रिकॉर्ड जांच में पीडि़त किसानों के दस्तावेज नहीं मिले। किसानों व खरीद केंद्र प्रभारी की सूचना पर एफसीआई के क्षेत्र प्रबंधक पवन कुमार बोत्रा ने सोमवार को मंडी पहुंच कर किसानों से बातचीत की। किसानों ने हैंडलिंग एजेंट से भुगतान की मांग की। साथ ही हैंडलिंग एजेंट फर्म मनोज ट्रेडर्स का ठेका निरस्त कर बिना स्वीकृति के एफसीआई के बारदाने का दुरुपयोग करने की पुलिस को शिकायत दी है। पुलिस की पूछताछ में हैंडलिंग एजेंट द्वारा करीब 6000 कट्टे गेहूं खरीदने की बात सामने आ रही है।
दो दिन से खरीद केंद्र बंद, किसान परेशान
मामले का निस्तारण नहीं होने तक एफसीआई प्रबंधन ने खरीद केंद्र बंद करवा दिया है। एेसे में खरीद केंद्र पर गेहूं बेचने आने वाले किसानों को मंडी में खुली नीलामी में समर्थन मूल्य से कम भाव में गेहूं बेचना पड़ रहा है। वहीं जिन किसानों ने एक पखवाड़े पूर्व तक खरीद केंद्र पर गेहूं बेचा था। एफसीआई ने अभी तक भी उनका भुगतान नहीं किया है।
किसानों को सौंपे अग्रिम चेक
सूत्रों ने बताया कि हैंडलिंग एजेंट व किसानों के बीच सोमवार को मंडी व्यापार संघ के पदाधिकारियों की मध्यस्थता में समझौता हुआ है। जिन किसानों से गेहूं खरीदा गया है, उनको अग्रिम चेक दे दिए। कई किसानों को नकद भुगतान भी किया है।
Published on:
06 Jun 2017 08:51 pm
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