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सालाना 1724.6 टन कार्बन उत्सर्जन रोकेगा HOG

स्वच्छ पर्यावरण के लिए रेलवे की पहल : ट्रेनों को मिलेगी जनरेटर यान के शोर से मुक्ति

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कोटा

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Mukesh Gaur

Sep 28, 2019

सालाना 1724.6 टन कार्बन उत्सर्जन रोकेगा HOG

सालाना 1724.6 टन कार्बन उत्सर्जन रोकेगा HOG

कोटा. राजधानी एक्सप्रेस सहित एलएचबी रेक वाली विभिन्न ट्रेनों के प्लेटफॉर्म पर आने पर जनरेटर यान से होने वाले शोर और प्रदूषण से जल्द मुक्ति मिलेगी। इस ध्वनि प्रदूषण को बंद करने के लिए रेलवे ने योजना बनाई है।
अब ट्रेन में विद्युत आपूर्ति के लिए नई प्रौद्योगिकी हैड ऑन जेनरेशन टेक्नोलॉजी (एचओजी) का उपयोग किया जाएगा। इसके तहत ओवरहैड बिजली आपूर्ति का इस्तेमाल किया जाएगा। शोर करने और धुआं निकालने वाले जनरेटर कोचों का इस्तेमाल अब नहीं होगा। इनके स्थान पर अब एलएसएलआरडी, एलएचबी (लिंक हाफ मैन बुश) सैकंड लगेज गार्ड और दिव्यांग कम्पार्टमेंट लगाए जाएंगे। इस एलएसएलआरडी में ओवरहैड बिजली सप्लाई को इस्तेमाल करने की क्षमता होगी। इससे पूरी गाड़ी को बिजली मिलेगी। इसके अलावा इसमें लगेज गार्ड रूम और अतिरिक्त यात्रियों के लिए भी जगह होगी। मौजूदा व्यवस्था में 36 रुपए प्रति यूनिट बिजली खर्च आता है, वहीं एचओजी से यह खर्च 6 रुपए प्रति यूनिट हो जाएगा।
एक साल में सभी एलएचबी गाडिय़ों को एचओजी प्रणाली में बदलने की योजना है। अब तक 342 गाडिय़ों को एचओजी में बदला जा चुका है। इसके कारण प्रतिवर्ष 800 करोड़ की बचत हो रही है। 2017 में एलएचबी प्रौद्योगिकी को अपनाने का निर्णय किया गया था। इसके बाद एचओजी परिवर्तन को अपनाने का काम अभियान स्तर पर शुरू किया गया। इसके तहत सभी कारों और कोचों की बिजली आपूर्ति प्रणाली में परिवर्तन किया गया। प्रणाली परिवर्तन का काम जोनल रेलवे के सुपुर्द किया गया है। इससे स्टेशनों पर यात्रियों को शोर मुक्त और प्रदूषण मुक्त वातावरण मिलेगा।


कार्बन उत्र्सजन से मिलेगी मुक्ति
पुरानी प्रणाली से 1724.6 टन प्रति वर्ष सीओ 2 का उत्सर्जन होता है। नई प्रणाली में यह शून्य है। वहीं प्रणाली में एनओ एक का उत्सर्जन प्रतिशत 7.48 टन होता है। कोटा से चलने वाली चार ट्रेनों के रेक एलएचबी में तब्दील कर दिए गए हैं। इनमें जनशताब्दी एक्सप्रेस, कोटा-श्रीगंगानगर सुपरफास्ट, कोटा-पटना एक्सप्रेस, कोटा-वैष्णादेवी कटरा एक्सप्रेस शामिल है। कोटा से गुजरने वाली राजधानी और दूरंतो एक्सप्रेस श्रेणी की ट्रेनों में पहले से ही एलएचबी कोच हैं।


इनमें है एचओजी प्रणाली
282 मेल, एक्सप्रेस, 13 राजधानी, 14 शताब्दी, 11 दूरंतो, 6 संपर्कक्रांति, 16 हमसफर