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कोटा दशहरा मेला : भजन संध्या में गूंजेगा अभिलिप्सा पांडा का हर-हर शंभू…

अभिलिप्सा पांडा का तेलुगु भाषा में एल्बम भी काफी फेमस है

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कोटा दशहरा मेला : भजन संध्या में गूंजेगा अभिलिप्सा पांडा का हर-हर शंभू...

कोटा दशहरा मेला : भजन संध्या में गूंजेगा अभिलिप्सा पांडा का हर-हर शंभू...

राष्ट्रीय मेला दशहरा में रविवार रात 8 बजे से भजन संध्या में हर हर शंभू...फेम गायिका ओडीशा की अभिलिप्सा पांडा भजनों की प्रस्तुतियां देंगी। ओडीशा में देवगढ़ जिले के तेंतालबहल गांव निवासी 21 वर्षीय पांडा भजन हर हर शंभू शिव महादेवा... से रातोंरात बड़ी कलाकार बन गई। पांडा ने एक धार्मिक म्यूजिक एल्बम मंजिल केदारनाथ से अपने सिंगिंग कॅरियर की शुरुआत की। उन्होंने कईं अन्य गीत भी गाए हैं।


अभिलिप्सा पांडा का तेलुगु भाषा में एल्बम भी काफी फेमस है। उनके मंजिल केदारनाथ..., हर हर महादेव शिव शंभू..., शिव रुद्राष्टकम काफी पसंद किए गए हैं। इन्होंने ओडीशा की मातृभाषा के अलावा हिंदी और तेलुगु भाषाओं में भी गाने गाए हैं। वायरल सॉन्ग हर हर शंभू.. की सफलता के बाद इसके कईं वर्जन बन चुके हैं। पांडा के दादा हारमोनियम बजाते थे। उन्होंने अपने दादा से ही संगीत सीखना शुरू किया था। पांडा गायिका होने के साथ-साथ मार्शल आर्टिस्ट और डांसर भी हैं। ये मार्शल आर्ट में स्टेट लेवल की खिलाड़ी रह भी चुकी हैं। वह पढ़ाई के साथ गायन का भी लगातार अभ्यास करती हैं।


गुलाम अब्बास और सुजाता गुरव का शास्त्रीय गायन आज
राष्ट्रीय दशहरे मेले के तहत रविवार शाम 6 बजे से यूआइटी ऑडिटोरियम में शास्त्रीय गायन का कार्यक्रम आयोजित होगा। मेला समिति अध्यक्ष मंजू मेहरा ने बताया कि कार्यक्रम में प्रख्यात शास्त्रीय गायक और गजल गायक गुलाम अब्बास और सुजाता गुरव प्रस्तुतियां देंगे। गुलाम अब्बास की तीन पीढियां शास्त्रीय संगीत से जुड़ी हुई हैं। उनके पिता उस्ताद गुलाम सादिक पद्मश्री विजेता हैं। वहीं उनके दादा मुस्ताक अहमद क्लासिकल गीत संगीत के लिए पद्म भूषण पाने वाले पहले व्यक्ति थे। सुजाता गुरव किराना घराने की एक अत्यंत कुशल भारतीय शास्त्रीय संगीतकार हैं। वे वचना, दासवानी, अभंगवानी, ठुमरी और नाट्य संगीत की कुशल संगीतकार हैं। वर्तमान में वे पंडित कैवल्य कुमार गुरव की शिष्या हैं। उन्होंने कर्नाटक विश्वविद्यालय, धारवाड़ से संगीत में मास्टर डिग्री हासिल की है। सुजाता को दक्षिण मध्य क्षेत्र सांस्कृतिक केंद्र, नागपुर ने टप्पा ठुमरी की उपाधि से सम्मानित किया है।

अखिल भारतीय चंबल केसरी दंगल कल से
राष्ट्रीय दशहरा मेले में रविवार से अखिल भारतीय चंबल केसरी कुश्ती दंगल का आयोजन किया जाएगा। मेला समिति अध्यक्ष मंजू मेहरा ने बताया कि चंबल केसरी कुश्ती दंगल का रविवार सुबह 11 बजे उद्घाटन किया जाएगा। केसरी दंगल में भाग लेने के लिए अंतरराष्ट्रीय रेफरी जसबीर कौर, जगदीश सिंह देर रात कोटा पहुंचे। कुश्ती संघ के अध्यक्ष इंद्र कुमार दत्ता ने बताया कि शनिवार शाम को श्रीराम रंगमंच पर हाड़ौती स्तर के पहलवानों के वजन किए गए। इस दौरान कोटा से 142, बारां से 28, बूंदी से 10, झालावाड़ से 15 पहलवानों ने वजन कराया। इनमें 80 बालिका पहलवान तथा 115 बालक पहलवान पहुंचे। कुश्ती संघ के सुरेंद्र पाराशर, हरीश शर्मा, नाथूलाल पहलवान, कन्हैलाल मालव, प्रहलाद गुर्जर, जमुनालाल गुर्जर, देवकरण गुर्जर व लोकेश शर्मा ने वजन किए।