
चयनित भवन को क्रीडा परिषद ने दिखाया यलो का
संजय सैनी. कोटा. बजट में घोषित कोटा में बनाई जाने वाली बालिका फुटबॉल अकादमी फिलहाल खुद फुटबॉल बनी हुई है। अकादमी के लिए जिला कलक्टर व खेल अधिकारी की ओर से चयनित भवन पर जयपुर क्रीड़ा परिषद की टीम ने 'यलो कार्ड' कर दिया है। निरीक्षण के दौरान टीम ने इसे सुरक्षा के लिहाज से उपयुक्त नहीं माना। कई खामियां गिनाते हुए दुरुस्त करने की हिदायत दी। अब मामला बजट पर अटका है। और, कोटा-जयपुर के बीच बजट-एस्टीमेट मैच हो रहा है।
आकाशवाणी कॉलोनी स्थित नेहरू युवा केन्द्र को खाली कराकर अकादमी के लिए चयनित कर लिया था। जिला खेल अधिकारी ने राजस्थान राज्य क्रीड़ा परिषद को भी सूचना दे दी। इसके बाद १६ जुलाई को जयपुर से क्रीड़ा परिषद के खेल अधिकारी (प्रशिक्षण) सुब्रत सेन व प्रबंधक रणविजय सिंह की दो सदस्यीय टीम ने इस भवन का निरीक्षण किया। टीम ने सुरक्षा के लिहाज से भवन को उपयुक्त नहीं बताया और कुछ खामियां दुरुस्त करने को कहा।
ये बताई खामियां
चारदीवारी को ऊंचा किया जाए।
मुख्यद्वार पर गेट लगवाएं, ताकि सुरक्षा हो सके।
मलबा या मिट्टी डलवाकर मैदान समतल कराएं।
फैंसिंग व इन्टरलॉकिंग करवाई जाए।
नल कनेक्शन हो, बाहर लाइट लगे।
अंडर वाटर टैंक बनाया जाए।
पानी निकासी के लिए ड्रेनेज सिस्टम।
भवन के पास भरा पानी खाली करवाएं, अन्दर की झाडिय़ां कटवाएं। सुरक्षा गार्ड हट निर्माण।
बजट मांगा, जवाब नहीं आया
टीम की गिनाई खामियों को दूर करने के लिए जिला खेल अधिकारी ने क्रीड़ा परिषद के सचिव को २६ जुलाई को पत्र भेजकर सहायक अभियंता जयपुर मुख्यालय से एस्टीमेट बनवाकर राशि स्वीकृत करने की मांग की थी। लेकिन, डेढ़ माह माह बीतने के बाद भी जयपुर से कोई जवाब नहीं आया है। खबर के लिहाज से विभागीय पक्ष जानने को जयपुर संपर्क करने पर स्थानीय खेल अधिकारी को टेलीफोनिक निर्देश दिए गए कि कोटा के स्तर पर ही बजट एस्टीमेट बनवाकर भिजवाएं।
बजट घोषणा अनुसार कोटा में फुटबॉल अकादमी इसी साल खुलेगी। इसे रेजीडेंशियल बनाएंगे। खिलाडि़यों को ट्रेक सूट व अन्य चीजें दी जाएंगी। टीम ने जिस जगह निरीक्षण किया था, वहां कमियां हैं। दुरुस्त करने के लिए कोटा खेल अधिकारी को पीडब्ल्यूडी के इंजीनियर के माध्यम से प्रस्ताव बनाकर भेजने के लिए कहा है ताकि बजट मांगा जा सके।
नारायण सिंह, संयुक्त सचिव, खेल एवं युवा मामले
आकाशवाणी कॉलोनी स्थित नेहरू युवा केन्द्र को जयपुर टीम को दिखा दिया। खामियां बताई हैं, क्रीड़ा परिषद को बजट दिलाने के लिए डेढ़ माह पहले लिखा था। जयपुर से कोटा स्तर पर ही पीडब्ल्यूडी से एस्टीमेट बना भिजवाने के निर्देश मिले हैं।
अब्दुल अजीज पठान, जिला खेल अधिकारी, कोटा
Published on:
18 Sep 2017, 2:05 AM IST
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