
NEET UG 2024: नीट यूजी 2024 का परीक्षा परिणाम जारी किए जाने के बाद विद्यार्थियों एवं अभिभावकों में नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (एनटीए) की कार्यप्रणाली को लेकर रोष है। एजेंसी की मार्किंग प्रक्रिया में खामी पर विषय विशेषज्ञों, विद्यार्थियों एवं अभिभावकों ने सोशल मीडिया प्लेटफार्म पर विरोध जताया है।
मोशन एजुकेशन के संस्थापक व सीईओ नितिन विजय ने एक्स पर एक वीडियो जारी कर बताया कि नीट यूजी परीक्षा में एक प्रश्न चार अंक का था, लेकिन कई विद्यार्थियों के परिणाम में 720 में से 718 व 719 अंक दिए गए है, जो तार्किक रूप से संभव नहीं हैं। विद्यार्थी या तो प्रश्न छोड़ सकता है या प्रश्न गलत कर सकता है। ऐसी स्थिति में उसे 716 अंक प्राप्त होते हैं, लेकिन किसी भी स्थिति में 718 या 719 अंक प्राप्त नहीं हो सकते हैं।
पारदर्शिता बरते एजेंसी
एजुकेशन एक्सपर्ट देव शर्मा ने बताया कि एनटीए को अपनी कार्यप्रणाली में पारदर्शिता बरतनी होगी। एजेंसी को परीक्षा परिणाम जारी करने से पूर्व नॉर्मलाइजेशन प्रक्रिया की ऑफिशियल सूचना सार्वजनिक करनी चाहिए थी। अचानक से इस तरह की चीजों का सार्वजनिक होना, एजेंसी की कार्य प्रणाली पर संदेह उत्पन्न करता है।
एनटीए ने कोर्ट के निर्णय का दिया हवाला
एनटीए एजेंसी ने एक्स पर स्पष्ट किया कि 5 मई 2024 को नीट परीक्षा आयोजन के दौरान व्यवधान उत्पन्न होने से कुछ विद्यार्थियों को पूर्ण समय नहीं दिया गया था। ऐसे विद्यार्थियों ने न्यायालय की शरण ली थी। उच्चतम न्यायालय ने 13 जून 2018 को जारी किए गए निर्णय के हवाले से इन विद्यार्थियों को नॉर्मलाइज्ड मार्क्स प्रदान किए गए। मार्क्स नॉर्मलाइजेशन के कारण ही इन विद्यार्थियों को 720 में से 718 व 719 अंक प्राप्त हुए हैं।
Updated on:
06 Jun 2024 08:07 am
Published on:
06 Jun 2024 08:07 am
