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video: मैं होता तो मारपीट करने वालों का हाथ तोड़ देता…

सीआई और पुलिस कर्मियों के साथ मारपीट के मुद्दे पर पुलिस कर्मी लामबंद होने लगे हैं। रिटायर्ड अफसरों ने एसपी कार्यालय पहुंच कर उग्र तेवर दिखाए तो प्रदेशभर के थानों और पुलिस लाइन में तैनात कर्मियों ने मैस का बहिष्कार तीसरे दिन भी जारी रखा।

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Protests by retired police personnel at kota

Protests by retired police personnel at kota

रामगंजमंडी से भाजपा विधायक चंद्रकांता मेघवाल के पति नरेंद्र द्वारा महावीर नगर थाने में सीआई श्रीराम बड़सरा को चांटा मारने और फिर सीआई को ही लाइन हाजिर कर देने पर पुलिस अब और अधिक लामबंद हो गई है। गुरुवार को भी पूरे प्रदेश में पुलिसकर्मियों ने मैस का बहिष्कार जारी रखा। वहीं, रिटायर्ड पुलिस अफसरों ने कोटा एसपी कार्यालय पहुंचकर उग्र तेवर दिखाए।

सेवानिवृत्त एएसपी नवनीत महर्षि ने कहा, 'थाने में सीआई से मारपीट बहुत गंभीर मसला है। न जाने पुलिस को क्या हो गया है? मैं होता तो मारपीट करने वालों का हाथ तोड़कर उनके हाथ में दे देता। इस मसले पर गृहमंत्री कुछ बोल क्यों नहीं रहे हैं? उन्होंने कहा कि कश्मीर के अलगाववादियों में और पुलिस पर पथराव करने वालों में फर्क नहीं है। वे वहां पथराव कर रहे हैं और ये यहां कर रहे हैं।' वे सेवानिवृत्त एएसपी योगेन्द्र जोशी के मौन व्रत के समर्थन में एसपी कार्यालय पहुंचे थे।

नहीं रोका तो नेता पुलिस को घर बुलाकर मारेंगे

महर्षि ने कहा, 'इसे यहीं नहीं रोका गया तो नेता कल को पुलिस को घर बुला-बुलाकर मारेंगे। कहेंगे, थानेदारजी और डिप्टी साहब घर आओ और चांटा मारकर कहेंगे कि अब हमारे आदमी का ध्यान रखना।'

कोई अच्छा अधिकारी नहीं आना चाहता कोटा

इस दौरान रिटायर्ड एएसपी पीडी मीना ने कहा, 'कोटा में हर क्षेत्र में राजनीतिक दखल बहुत अधिक हो गया है। माहौल ऐसा है कि कोई अच्छा अधिकारी यहां नहीं आना चाहता।'

विधायक को निलम्बित किया जाए

सेवानिवृत्त पुलिस अधिकारी चंद्र सिंह ने कहा, 'अधिकारियों ने सीआई को ही लाइन हाजिर करके गलत कदम उठाया है। विधायक को भी निलम्बित किया जाना चाहिए।'

मौन विरोध करने वाले नाराज होकर गए

जयपुर निवासी रिटायर्ड एएसपी योगेन्द्र जोशी गुरुवार को पुलिस लाइन में मौन व्रत पर बैठने के अनुमति लेने सुबह 10.30 बजे एसपी कार्यालय पहुंचे। वे एसपी के आने का इंतजार कते रहे। करीब दो घंटे बाद एसपी सवाई सिंह गोदारा कार्यालय पहुंचे, लेकिन अनुमति नहीं दी। जोशी ने कहा, 'मैं अनुशासित तरीके से विरोध जताना चाहता था, मगर अनुमति नहीं मिलने मैं नाराज हूं।' जोशी के समर्थन में बूंदी से रिटायर्ड हैड कांस्टेबल राजेन्द्र त्रिपाठी, सेवानिवृत्त सीआई सुखदेवा राम, एएसआई हमीद, कांस्टेबल धन्नालाल मीणा, मदनपाल सिंह, जलालुद्दीन, निजामुद्दीन और बशीर मोहम्मद आदि लोग मौजूद रहे।

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