8 फ़रवरी 2026,

रविवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

बदहाल सड़क पर ओवरटेकिंग में छूटते हैं पसीने….

- चेचट- अलोद सड़क मार्ग- एक दर्जन से अधिक गांव जुड़़े है , दस साल में आवागमन बढ़ा, चौड़ाई नहीं

2 min read
Google source verification

कोटा

image

Anil Sharma

Mar 01, 2021

ramganjmandi, kota

चेचट अलोद सड़क मार्ग जिसकी चौड़ाई 11 साल में नही बढ़ पाई।

रामगंजमंडी. क्षेत्र में एक सड़क मार्ग ऐसा है जो आवागमन के लिहाज से व्यस्तम की श्रेणी में आता है। रावतभाटा व रामगंजमंडी तहसील के करीब डेढ़़ दर्जन से अधिक गांव इससे जुड़े हुए हैं। 11 साल की लंबी अवधि समाप्त होने के बावजूद सड़क के हालात नहीं सुधरे। वर्तमान में कोई भारी वाहन सड़क से गुजरता है तो उसके पीछे चलने वाले कार से लेकर बाइक चालकको ओवरटेकिंग में पसीने छूट जाते है। सड़क क्षतिग्रस्त है। दोनों छोर की साइड़ पर गड्ढे है।
चेचट से अलोद मार्ग की सड़क ताकली नदी पर बनी पुलिया से प्रारंभ होती है। कुछ दूरी पर इस सड़क से मदनपुरा गांव की सड़क का रास्ता है तो चन्द्रपुरा गांव के बाद आगे आने वाली पुलिया से सालेड़ा, बोरिना, हाथियाखेडी, दूसरे हिस्से मे मवासा को जोड़ता है। सड़क मार्ग पर रीछी गांव है। मामूली दूरी पर खणी, मोतीपुराखुर्द, ब्रम्हा की छापर, जाने वाली सड़क इसी मार्ग से जुड़ी है। बिजासन माताजी मंदिर निमोदा गांव का रास्ता चेचट अलोद सड़क मार्ग से होकर निकल रहा है। रामगंजमंडी तहसील सीमा का अंतिम गांव अलोद है। इसके बाद भैसरोडग़ढ़ पंचायत समिति के मिन्याखेडी, खातीखेडा, इकलिंगपुरा गांव इस सड़क मार्ग से जुड़े हुए है।

18 गांवों को जोड़ती
चेचट अलोद सड़क मार्ग पर प्रतिदिन बसों के साथ निजी वाहनों व बाइक सवारों की आमद रफ्त होती है। सड़क का निर्माण वर्ष 2011 में हुआ था उसके बाद निर्माण विभाग ने राÓय सरकार को तीन मीटर सड़क की चौड़ाई को बढ़ाने के प्रस्ताव वर्ष 2015 में भेजे जिसमें चौड़ाई को सात मीटर करना व सीमेंट सड़क निर्माण किया जाना शामिल था। 21 करोड़ 96 लाख रुपए के इन प्रस्तावों को मंजूरी नहीं मिली।

5 से 6 साल का नियम
निर्माण विभाग किसी भी सड़क को पांच से छह साल की अवधि में क्षतिग्रस्त मानते हुए दुबारा उसको बनाने की प्रक्रिया प्रारंभ करने के लिए प्रस्ताव बनाकर सरकार को भेजता है। जहां से मंजूरी मिल जाती है लेकिन चेचट से अलोद सड़क मार्ग अपवाद है। वर्ष 2011 में सड़क का निर्माण होने के बाद मरम्मत के रूप में सिर्फ पेच रिपेयर करके काम कराया जा रहा है।

प्रपोजल नहीं तैयार
18 गांवों को जोडऩे वाली चेचट अलोद सड़क मार्ग को प्रधानमंत्री ग्रामीण सड़क योजना में प्रपोजल तैयार करके उसका उद्वार किया जा सकता था, लेकिन 9 साल के लंबे अंतराल में निर्माण विभाग की तरफ से प्रधानमंत्री सड़क योजना में प्रपोजल तैयार नहीं किए। निर्माण विभाग का सोच था कि आवागमन के लिहाज से व्यस्तम रहने वाली इस सड़क की चौड़ाई प्रधानमंत्री सड़क योजना में आवागमन के लिहाज से पर्याप्त नहीं बनती इसी कारण इस सड़क के सात मीटर के प्रपोजल तैयार किए गए।

इस सड़क के निर्माण को लेकर प्रस्ताव भेजे हुए है। सड़क के पेच रिपेयर का कार्य दीपावली से पूर्व करवा दिया था।
मनोज माथुर, अधिशाषी अभियंता, निर्माण विभाग