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45 हजार के बिल ने अटकाया 96 लाख का भवन हस्तांतरण

जुल्मी रोड़ पर जिला परिवहन अधिकारी कार्यालय का स्थानान्तरण बिजली के पुराने बिल की राशि अदायगी नहीं होने से फिलहाल अटक गया है। अप्रेल माह में लिखित में पुराने बिल की राशि का चुकारा करने का प्रार्थना पत्र सौंपने पर नए भवन में नया बिजली कनेक्शन होगा। इसके बाद किराए के भवन में संचालित हो रहा जिला परिवहन अधिकारी कार्यालय विभाग के अपने नए भवन में स्थानांतरित होगा।
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कोटा

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Krishan Kumar Tholmbia

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Updated: 31 Mar 2022, 1:35 AM IST

45 हजार के बिल ने अटकाया 96 लाख का भवन हस्तांतरण

45 हजार के बिल ने अटकाया 96 लाख का भवन हस्तांतरण

रामगंजमंडी (कोटा). जुल्मी रोड़ पर जिला परिवहन अधिकारी कार्यालय का स्थानान्तरण बिजली के पुराने बिल की राशि अदायगी नहीं होने से फिलहाल अटक गया है। अप्रेल माह में लिखित में पुराने बिल की राशि का चुकारा करने का प्रार्थना पत्र सौंपने पर नए भवन में नया बिजली कनेक्शन होगा। इसके बाद किराए के भवन में संचालित हो रहा जिला परिवहन अधिकारी कार्यालय विभाग के अपने नए भवन में स्थानांतरित होगा। जिला परिवहन अधिकारी का कार्यालय नगर में अभी इन्द्रप्रस्थ कालोनी में संचालित हो रहा है। किराए से विभाग को मुक्ति दिलाने के लिए राज्य सरकार ने 96 लाख की लागत से नए भवन का निर्माण कराया है। इस भवन का करीब आठ से दस साल पूर्व में जब निर्माण हुआ और निर्माण विभाग ने इसकी चांबी जिला परिवहन अधिकारी को संभलाई तब यहां बिजली का कनेक्शन करके दिया गया था। उस समय सामने की सुरक्षा दीवार के अलावा पानी की समुचित व्यवस्था नहीं होने के कारण विभाग नए भवन में नहीं आ पाया था। विभाग की तरफ से फिर से इस मामले में प्रपोजल बनाकर भेजे गए थे। बिजली का कनेक्शन उस समय चालू था। बिजली बिल की यह राशि न्यूतम चार्ज से बढ़ते हुए 45 हजार तक पहुंच गई। बाद में इस कनेक्शन को विच्छेद भी करवाया गया, लेकिन विद्युत विभाग को बिल नहीं चुकाया गया था।

अभी तक नहीं संभलवाया भवन : निर्माण विभाग अधिशाषी अभियंता आरके मीणा ने बताया कि नया भवन जिला परिवहन अधिकारी जाकर देख चुके है। उन्होंने कार्य को संतोषजनक बताया है। अभी विभाग को भवन नहीं संभलाया गया है। भवन में बिजली का कनेक्शन होना शेष है। विद्युत निगम पुराने बिजली के बिल की राशि का तकाजा कर रहा है। अप्रेल माह में लिखित में पुराने बिल की राशि को चुकाने का आवेदन किया जाएगा। इसके बाद नया बिजली कनेक्शन चालू होगा।

ऐसे सामने आया मामला: जिला परिवहन अधिकारी कार्यालय का निर्माण कार्य पूर्ण होने पर बिजली कनेक्शन की बात सामने आई। निर्माण विभाग के अधिकारी व जिला परिवहन अधिकारी जब नए कनेक्शन का आवेदन करने पहुंचे तो विद्युत निगम ने 45 हजार का पुराना बिजली का बिल होने की जानकारी दी। जिला परिवहन अधिकारी ने उच्चाधिकारियों को बिजली के पुराने बिल की राशि चुकाने के मामले में प्रपोजल बनाकर भेज दिए हैं। लेकिन राशि का आवंटन अभी नहीं हुआ है। ऐसे में नए कनेक्शन में पुराना बिल बाधक बना हुआ है।