2 अगस्त 2026,

रविवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

संगम कला ग्रुप कोटा के विजेता प्रतिभागी राष्ट्रीय फाइनल में दिखाएंगे दम

कोटा

image

Abhishek Gupta

Feb 20, 2026

patrika photo

अखिल भारतीय सुगम संगीत गायन प्रतियोगिता के अंतर्गत चयनित प्रतिभागी

Kota News: संगम कला ग्रुप की ओर से आयोजित 41वीं अखिल भारतीय सुगम संगीत गायन प्रतियोगिता के अंतर्गत चयनित प्रतिभागी अब राष्ट्रीय मंच पर अपनी सुरीली प्रतिभा का जादू बिखेरने के लिए तैयार हैं। सुरतरंग नेशनल सिंगिंग टैलेंट हंट के संभागीय स्तर पर विभिन्न वर्गों में प्रथम स्थान प्राप्त करने वाले प्रतिभागी 23 फरवरी को नई दिल्ली के कमानी ऑडिटोरियम में आयोजित राष्ट्रीय फाइनल में कोटा चैप्टर का प्रतिनिधित्व करेंगे।

संस्था की महासचिव डॉ. शिल्पी सक्सेना ने बताया कि उनके नेतृत्व में सभी वर्गों के प्रथम विजेता प्रतिभागी दिल्ली में आयोजित अंतर्राज्यीय चरण और उसके पश्चात राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिता में अपनी प्रस्तुतियां देंगे। क्षेत्रीय अध्यक्ष राकेश कुमार सक्सेना के अनुसार, सब-जूनियर फिल्म वर्ग से दीक्षांत सिंह, सब-जूनियर गैर-फिल्म वर्ग से पाखी जैन, जूनियर फिल्म वर्ग से अविका सक्सेना, जूनियर गैर-फिल्म वर्ग से आद्विक जैन, सीनियर फिल्म वर्ग से अंकिता मिश्रा तथा सीनियर गैर-फिल्म वर्ग से निरंजन गंधर्व ने प्रथम स्थान प्राप्त किया है। सभी प्रतिभागी शनिवार को कोटा से दिल्ली के लिए रवाना होंगे।

दिल्ली में आयोजित इस भव्य कार्यक्रम के मुख्य अतिथि सुप्रसिद्ध गजल गायक पद्मश्री हरिहरन होंगे। साथ ही हिमानी कपूर, इंडियन आइडल फेम अभिजीत शर्मा, शहजाद अली सहित अनेक प्रख्यात पार्श्व गायक एवं दूरदर्शन कलाकार अपनी प्रस्तुतियों से कार्यक्रम की गरिमा बढ़ाएंगे। संगम कला ग्रुप विगत 41 वर्षों से निरंतर देश-विदेश में संगीत प्रतिभाओं को मंच प्रदान कर रहा है ।

कोटा से भी इसी मंच के माध्यम से श्रेया घोषाल, आदर्श सक्सेना, चंचल काबरा, रामकृष्ण वर्मा, सरिता राज, निर्देश गौतम, एवं मीतू सोलंकी ने कोटा का प्रतिनिधित्व करते हुए इस प्रतियोगिता को जीता है और संगीत के क्षेत्र में कोटा का नाम राष्ट्रीय स्तर पर स्थापित किया है। आज यह सभी संगीत के विभिन्न क्षेत्रों में अपनी पहचान बनाए हुए हैं।

बड़ी खबरें

View All

कोटा

राजस्थान न्यूज़

ट्रेंडिंग

45 करोड़ की सड़क एक साल में दूसरी बार टूटी, गुणवत्ता पर सवाल यपाटन मार्ग पर करीब 45 करोड़ रुपये की लागत से निर्मित 22.50 किलोमीटर लंबी सड़क एक वर्ष के भीतर दूसरी बरसात भी नहीं झेल पाई। सड़क एक साल में दूसरी बार क्षतिग्रस्त हो गई है, जिससे निर्माण सामग्री की गुणवत्ता पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। इस बार सुवासा, बाजड और जमीतपुरा गांव के बीच करीब 15 स्थानों पर डामर जगह-जगह से उखड़ गया है और गिट्टी बाहर निकलने लगी है। क्षतिग्रस्त सड़क पर पैचवर्क की मांग को लेकर ग्रामीणों ने शनिवार को सुवासा कस्बे में विरोध प्रदर्शन किया। ग्रामीणों का कहना है कि सड़क पर बने गहरे गड्ढों के कारण विशेष रूप से रात्रि के समय वाहन चालकों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ता है। अंधेरे में गड्ढे दिखाई नहीं देने से आए दिन दोपहिया और चारपहिया वाहन चालक गिरकर चोटिल हो रहे हैं। ग्रामीणों ने प्रशासन और सार्वजनिक निर्माण विभाग से तत्काल पैचवर्क और सड़क की स्थायी मरम्मत कराने की मांग की है। जानकारी के अनुसार, तालेड़ा से केशोरायपाटन तक सड़क निर्माण के लिए 45 करोड़ रुपये स्वीकृत किए गए थे। निर्माण कार्य 15 अगस्त 2022 से शुरू हुआ था और इसे सितंबर 2023 तक पूरा किया जाना था, लेकिन सड़क के दोनों ओर लगभग डेढ़ मीटर पटरी निर्माण का कार्य अभी भी कई स्थानों पर अधूरा पड़ा है। ग्रामीणों के अनुसार, सड़क पर लगभग एक वर्ष पूर्व डामरीकरण किया गया था, लेकिन दिसंबर 2025 में सुवासा, बाजड और जमीतपुरा के बीच करीब 20 स्थानों पर सड़क उखड़ गई थी। उस समय संवेदक द्वारा पैचवर्क कर सड़क की मरम्मत की गई थी, लेकिन मरम्मत कार्य की गुणवत्ता संतोषजनक नहीं रही। परिणामस्वरूप जुलाई 2026 में दूसरी बरसात शुरू होते ही सड़क फिर से उखड़ गई और कई स्थानों पर गिट्टी निकलने लगी है। लगातार टूट-फूट के कारण सड़क धीरे-धीरे बड़े गड्ढों में तब्दील होती जा रही है। इस मार्ग से प्रतिदिन करीब तीन हजार से अधिक छोटे-बड़े व भारी वाहन गुजरते हैं। यह सड़क नेशनल हाईवे 52 व मेगा हाईवे को जोड़ती है। सड़क की बदहाल स्थिति के कारण वाहन चालकों, किसानों, मजदूरों और आसपास के गांवह/वें के लोगों को रोजाना परेशानी झेलनी पड़ रही है। कई बार शिकायत करने के बावजूद अब तक स्थायी समाधान नहीं हो पाया है। अभिषेक गुर्जर, सहायक अभियंता, सार्वजनिक निर्माण विभाग, तालेड़ा ने बताया कि तालेड़ा से सुवासा के बीच कुछ स्थानों पर सड़क क्षतिग्रस्त हुई है और सड़क निर्माण का कुछ कार्य अभी शेष है। संवेदक का पूरा भुगतान अभी नहीं हुआ है। क्षतिग्रस्त सड़क की मरम्मत करने के निर्देश संवेदक को दे दिए गए हैं। सड़क वर्तमान में गारंटी अवधि में है और इसकी मरम्मत संवेदक द्वारा ही कराई जाएगी।

Rajasthan