
पत्रिका न्यूज नेटवर्क
लखनऊ. उत्तर प्रदेश में सिविल, नीट और जेईई जैसे कई प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी में युवाओं की मदद के लिए सीएम योगी सरकार ने सोमवार को अभ्युदय योजना के तहत कोचिंग की शुरुआत की है। इस योजना के तहत आर्थिक रूप से कमजोर बच्चों को प्रतियोगी परीक्षाओं को मुफ्त कोचिंग दी जाएगी। इस योजना के जरिए बच्चों को कोचिंग के तहत नि:शुल्क शिक्षा दी जाएगी। 16 फरवरी दिन मंगलवार से पढ़ाई की शुरूआत से ही क्लास शुरू होंगी। ऑनलाइन क्लास की सुविधा के लिए अभ्युदय कोचिंग का पोर्टल 10 फरवरी को लॉन्च किया गया था। महज पांच दिनों के अंदर 5 लाख से ज्यादा युवाओं ने पोर्टल पर पंजीकरण कराया है।.
सीएम योगी ने मुख्यमंत्री अभ्युदय योजना 15 फरवरी 2021 दिन सोमवार को विधिवत रूप से उद्धाटन किया। इसके बाद उन्होंने बच्चों से बात भी की। उन्होंने सबसे पहले बच्चों को बधाई देते हुए कहा कि प्रदेश के प्रतिभाशाली युवाओं के स्वप्नों को अब सही दिशा और रफ्तार मिलेगी और उनका सपना पूरा होगा। अब बच्चों को तैयारी के लिए कोटा नहीं जाना पड़ेगा। यह कोचिंग नहीं बल्कि यूपी के युवाओं के जीवन का पथ प्रदर्शक बनेगा। इस दौरान उन्होंने प्रदेश के पांच मंडलों के मेधावियों से संवाद भी किया। उन्होंने कहा कि यह योजना आत्मनिर्भता के पथ पर आगे बढ़ने की योजना है। इससे सूबे के युवाओं को अधिक मात्रा में रोजगार मिलेगा, जिससे प्रदेश बेरोजगारी की समस्या दूर होगी।
मुख्यमंत्री अभ्युदय योजना के तहत प्रदेश के 50 हजार छात्रों को मंगलवार बसंत पचंमी से क्लास शुरू कर शिक्षा दी जाएंगी। इच्छुक अभ्यर्थियों को http://abhyuday.up.gov.in पर पंजीकरण कराना होगा। ऑफलाइन कोचिंग के लिए पहले चरण की लिखित परीक्षा में राज्यभर से 50 हजार छात्रों को सेलेक्शन किया जा चुका है। बाकी छात्र ऑनलाइन कोचिंग ले सकेंगे। स्क्रीनिंग के दौरान किन्हीं परिस्थितिवश जिन छात्रों के लिए प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करना मुश्किल होगा, उन्हें कौशल विकास योजना के तहत प्रशिक्षित किया जाएगा और जिससे उन्हें आसानी से रोजगार मिल सके। इसके साथ ही इस योजना के तहत प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करने वाले छात्रों को आईएएस और पीसीएस अधिकारी गाइड करेंगे। इस योजना के क्लासेज का संचालन ऑनलाइन मोड में भी होगा।
खेती को लाभकारी बनाने के लिए लाया गए कृषि कानून
इस अवसर पर मुख्यमंत्री योगी ने कहा कि इस स्कीम के तहत मंडल स्तर पर खुलने वाले अभ्युदय कोचिंग सेंटर में सिविल सेवा, नीट, जेईई, बैंकिंग, टीईटी की तैयारी बच्चों को कराई जाएगी। बाद में अभ्युदय योजना के तहत जिला स्तर पर भी कोचिंग संस्थान खोले जाएंगे। जीवन के सर्वांगीर्ण विकास का माध्यम ही अभ्युदय है। इसलिए यह कोचिंग मात्र नहीं है, यह उत्तर प्रदेश के युवाओं के सर्वांगीर्ण विकास का पथ प्रदर्शक बनेगा, इसी विश्वास के साथ इस योजना को शुरू किया गया है। इसके अलावा उन्होंने कहा कि खेती को लाभकारी बनाने के लिए कृषि कानून लाए गए। जो लोग नहीं चाहते कि किसानों का हित हो उन लोगों द्वारा भ्रम पैदा करने का प्रयास हुआ। इस भ्रम के परिणाम स्वरूप कुछ जगह भले ही आंदोलन हो रहा है लेकिन सामान्यत: देश के किसानों ने कृषि कानूनों को सकारात्मक भाव से लिया है।
Published on:
15 Feb 2021 01:01 pm
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