16 जनवरी 2026,

शुक्रवार

Patrika LogoSwitch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

कांग्रेस के इस प्लान से कटेगा सपा-बसपा का वोट

कहने को तो कांग्रेस अपना मुकाबला भाजपा से बता रही है लेकिन उसकी ये रणनीति बताती है कि वो सपा और बसपा के वोट बैंक को टारगेट कर रही है।

2 min read
Google source verification

image

Raghvendra Pratap

Jul 13, 2016

imran

imran masood

लखनऊ.
कांग्रेस ने राजबब्बर को प्रदेश अध्यक्ष और इमरान मसूद को उपाध्यक्ष बनाकर एक बड़ा गेम खेला है। कहने को तो कांग्रेस अपना मुकाबला भाजपा से बता रही है लेकिन उसकी ये रणनीति बताती है कि वो सपा और बसपा के वोट बैंक को टारगेट कर रही है। प्रदेश के फ्लोटिंग मुस्लिम वोट को काबू करने के लिए हर तरह के प्रयास कर रही है। यही वजह है कि एक समय में पीएम मोदी का सिर काटने की बात करने वाले इमरान मसूद को प्रदेश उपाध्यक्ष की जिम्मेदारी दी गई है। जाहिर है कि इससे मुस्लिम मजबूत चेहरे के साथ एकजुट होंगे। ये मुस्लिम वोटर बीते दो दशक से बसपा और सपा के पक्ष में ही मतदान करते रहे हैं।


सीमित दायरें में सिमटें हैं अन्य कांग्रेसी

उपाध्यक्ष के तौर पर इमरान मसूद के अलावा राजेश मिश्र, भगवती प्रसाद और राजाराम पाल को जिम्मेदारी दी गई है। देखा जाए तो इन सभी चेहरों का प्रभाव कुछ ही सीटों पर सीमित है। राजेश मिश्र बनारस का चेहरा हैं, लेकिन प्रदेश में उनकी माकूल पहचान नहीं है। वहीं भगवती चैधरी को लेकर भी यही हाल है। दलितों के बीच उनकी पैठ सवालों के घेरे में रही है। यह बात दीगर है कि बीते कुछ समय में उन्होंने भीम ज्योति यात्रा निकालकर दलितों को अपने पाले में रखने की कोशिश की है। यह कितना सफल होगा यह तो समय बताएगा लेकिन उनका भी प्रभाव क्षेत्र ज्यादा नहीं है।


मोदी पर निशाना साधने के बाद चर्चा में आए मसूद

वहीं, इसके उलट इमरान मसूद की बात की जाए तो वह मोदी को सीधे निशाने पर लेने की वजह से ही चर्चा में आए थे। इसके बाद से उनका प्रभाव मुस्लिम वोटर्स के बीच बढ़ता गया। एक वरिष्ठ कांग्रेसी नेता कहते हैं कि इमरान के प्रभाव का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि उपचुनाव में देवबंद सीट पर उनकी लामबंदी ही कांग्रेस के काम आई थी। वह यह सीट कांग्रेस को दिलाने में सफल रहे थे, जबकि कांग्रेस की स्थिति उस समय ज्यादा बेहतर नहीं थी।


पश्चिम में भाजपा को नुकसान पहुंचाएगी कांग्रेस

इमरान के तौर पर कांग्रेस ने वेस्ट यूपी की मुस्लिम बाहुल्य सीटों को साधने की रणनीति तैयार की है। बताया जाता है कि उनका वेस्ट यूपी की सीटों पर अच्छा प्रभाव है। वेस्ट को जिस तरह से बीजेपी अपने गढ़ के तौर पर देख रही थी उसमें यह सेंधमारी की एक कोशिश है।


मसूद के खिलाफ चल रही है ईडी की जांच

लोकसभा चुनाव के दौरान प्रधानमंत्री पद के उम्मीदवार रहे नरेंद्र मोदी के खिलाफ टिप्पणी करने वाले इमरान मसूद के खिलाफ ईडी की जांच भी चल रही है। उन पर आरोप है कि उन्होंने नगर पालिका परिषद का अध्यक्ष रहते हुए 40 लाख रुपए का घोटाला किया था। बताया गया था कि उन्होंने सहारनपुर नगर पालिका परिषद के अध्यक्ष रहते हुए यह रकम गाजियाबाद ट्रांसफर की थी।

ये भी पढ़ें

image