
साइबर ठग के जाल में फंसे बीजेपी विधायक, बताते रहे ओटीपी, अकाउंट होता रहा खाली
लखनऊ. हाईटेक होने की दौड़ में जुटी सूबे की पुलिस यूं तो साइबर क्राइम पर नियंत्रण के लिए आये दिन नई कार्ययोजना बना रही है, लेकिन सच्चाई यही है कि साइबर ठगों में पुलिस का कोई खौफ नहीं है। ताजा मामला सामने आया है श्रावस्ती से जहां भाजपा विधायक राम फेरन पांडेय साइबर ठग के शिकार हुए । शातिर ने उनसे अोटीपी पूछकर दो बार में खाते से 45 हजार रुपए उड़ा दिए। उनकी तहरीर पर पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज कर ली है। साइबर सेल जांच कर रही है।
विधायक के मुताबिक दोपहर करीब 12 बजे उनके मोबाइल पर कॉल आई। फोन करने वाले ने बताया कि वह विधान भवन स्थित एसबीआई का कर्मचारी है अौर काउंटर नंबर 3 से बोल रहा है। उसने आधार नंबर लिंक न होने की बात कही। इसके बाद खाता बंद होने का झांसा देकर गोपनीय जानकारी हासिल की। साथ ही विधायक को बातों में उलझाकर दो बार अोटीपी हासिल कर खाते से पहले 20 अौर फिर 25 हजार रुपए निकाल लिए।
मोबाइल पर रकम निकले का मैसेज आने पर विधायक ने बैंक में संपर्क किया तो पता चला कि वहां उस नाम का कोई कर्मचारी है ही नहीं । इसके बाद विधायक ने हजरतगंज कोतवाली पहुंचकर प्राथमिक दर्ज कराई। साइबर सेल को भी जानकारी दी ।
छह महीने में 50 से अधिक लोगों ठगे गए
जालसाज छह महीने में 50 से अधिक सचिवालय कर्मचारी अौर अधिकारियों के खाते से रकम उड़ा चुके हैं। इनमें से तीन दर्जन से अधिक कर्मचारियों ने तहरीर दी थी कि उनके खाते से 20 हजार से दो लाख रुपए तक की रकम उड़ाई गई। पुलिस से प्राथिमकी दर्ज कर साइबर सेल को जांच सौंपी। ज्यादा के खाते विधान भवन स्थित भारतीय स्टेट बैंक के हैं।
Updated on:
26 Jul 2018 03:08 pm
Published on:
26 Jul 2018 11:22 am
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