राज्य सरकार ने अगस्त 2014 से सशस्त्र सेनाओं में कार्यरत उत्तर प्रदेश के सैनिकों की कर्तव्यपालन के दौरान आतंकवादी, अराजक तत्वों की हिंसा, देश की सीमा पर अंतर्राष्ट्रीय युद्ध या सीमा पर छुट-पुट घटनाओं, लड़ाकू, आतंकवादियों अथवा अतिवादी आदि गतिविधियों के फलस्वरूप प्रदेश के बाहर मृत्यु हो जाने पर तथा बाकी सभी राज्यों के निवासी सैनिकों जो भारतीय सेना अथवा केंद्रीय या अन्य राज्यों के अर्द्धसैनिक बलों में कार्यरत हों तथा जिनकी कर्तव्यपालन के दौरान इन्हीं परिस्थितियों में उत्तर प्रदेश के अंदर मृत्यु होने पर उनके आश्रितों को 20 लाख की अनुग्रह धनराशि दी जा रही है।