16 जनवरी 2026,

शुक्रवार

Patrika LogoSwitch to English
home_icon

होम

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

उत्तर प्रदेश ग्राम पंचायत चुनाव 2020 : गुम हो जाएंगी 300 ग्राम पंचायतें

उत्तर प्रदेश ग्राम पंचायत चुनाव 2020 में करीब 300 ग्राम पंचायतें गुम हो जाएंगी। और ढूंढ़ने पर भी फिर कभी नहीं मिलेंगी। यूपी ग्राम पंचायत चुनाव के लिए राज्य चुनाव आयोग ने कमर कस ली है। इस बार चुनाव कराना आसान नहीं होगा।

less than 1 minute read
Google source verification
उत्तर प्रदेश ग्राम पंचायत चुनाव 2020 : गुम हो जाएंगी 300 ग्राम पंचायतें

उत्तर प्रदेश ग्राम पंचायत चुनाव 2020 : गुम हो जाएंगी 300 ग्राम पंचायतें

लखनऊ. उत्तर प्रदेश ग्राम पंचायत चुनाव 2020 में करीब 300 ग्राम पंचायतें गुम हो जाएंगी। और ढूंढ़ने पर भी फिर कभी नहीं मिलेंगी। यूपी ग्राम पंचायत चुनाव के लिए राज्य चुनाव आयोग ने कमर कस ली है। इस बार चुनाव कराना आसान नहीं होगा।

पर सभी की निगाहें जमी हुई हैं। पंचायत चुनाव की तैयारियां शुरू हो गई है। चुनाव आयोग मतदाता सूची का पुनरीक्षण अभियान शुरू करने जा रहा है। साथ ही ऐसी उम्मीद है कि नए निर्धारण से उत्तर प्रदेश में पंचायतों के आरक्षण की स्थिति पूरी तरह बदल जाएगी। पंचायत चुनाव 2015 में हुए चुनाव में जो पंचायत जिस जिस वर्ग के लिए आरक्षित हुई थी, इस बार वह उस वर्ग के लिए आरक्षित नहीं होगी। अनुमान है कि पिछले 5 वर्षों में करीब 250 से 300 ग्राम पंचायतें शहरी क्षेत्र में पूरी तरह या आंशिक रूप से शामिल की गई हैं। इस हिसाब से इतनी पंचायतें कम हो जाएंगी।

इनका ब्योरा राज्य निर्वाचन आयोग ने नगर विकास विभाग से मांगा है। राज्य निर्वाचन आयोग भी नगर विकास विभाग की इस कवायद के पूरे होने का इंतजार कर रहा है। उसके बाद ही आयोग आगामी चुनाव के लिए ग्राम पंचायतों की वोटर लिस्ट के पुनरीक्षण का अभियान शुरू करेगा जिसमें बूथ लेबल आफिसर घर-घर जाकर पंचायतों के वोटरों की जानकारी संकलित करेंगे।
इससे पूर्व हुए पंचायत चुनाव 2015 में वोटर लिस्ट में 11.07 करोड़ वोटर थे। आंकड़ों पर नजर डालें तो वर्ष 2015 में 59,162 ग्राम पंचायतों का चुनाव हुआ था।